रिजिजू ने दिखाया बॉर्डर का ज़मीनी सच
Kiren Rijiju China Border Statement: भारत-चीन सीमा पर जारी सियासत के बीच केंद्रीय संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने कांग्रेस और विपक्ष के चीनी घुसपैठ वाले दावों की धज्जियां उड़ा दी हैं. अरुणाचल प्रदेश के दुर्गम सीमावर्ती इलाकों-माजा, गालेमो और तक्सिंग का तूफानी दौरा करने के बाद रिजिजू ने एक ज़हरीला वीडियो शेयर करते हुए विपक्ष पर सीधा प्रहार किया.
दरअसल उन्होंने साफ किया कि जिस बॉर्डर की कांग्रेस सरकारों ने दशकों तक ‘सरेंडर पॉलिसी’ के तहत उपेक्षा की, आज मोदी सरकार में वही सीमाएं भारत की टॉप प्रायोरिटी बन चुकी हैं. रिजिजू ने कहा कि राहुल गांधी और फर्जी वीडियो शेयर करने वाले लोग जनता को गुमराह करना बंद करें!
रिजिजू ने दिखाया बॉर्डर का ज़मीनी सच(Kiren Rijiju China Border Statement)
यह भी बताते चलें कि किरेन रिजिजू ने अरुणाचल प्रदेश के अंतिम सीमावर्ती गांवों और सेना के अग्रिम चौकियों का जायजा लेने के बाद वीडियो पोस्ट कर विपक्ष को करारा जवाब दिया. उन्होंने कहा कि कुछ लोग घर बैठकर सीमा को लेकर बचकाने बयान दे देते हैं.
आगे वह बोले कि 1947 के बाद से जिस ‘माजा’ गांव तक एक ईंट नहीं रखी गई थी, आज वहां मोदी सरकार ने पक्की सड़कें बनवा दी हैं. 2019 में ‘तक्सिंग’ तक सड़क पहुंचाई गई. जहां पहले जवानों को हफ़्तों पैदल चलना पड़ता था, वहां आज मशीनें और गाड़ियां दौड़ रही हैं.
India-China Border issue is a serious subject. Do not make false claim on such sensitive matter. We don’t want to repeat the past mistakes. Govt will address the concern of the local people and protect Indian Territory. pic.twitter.com/AZXTMUlujm
— Kiren Rijiju (@KirenRijiju) August 19, 2026
‘कांग्रेस के रक्षा मंत्री एके एंटनी ने संसद में कबूला था सरेंडर’
पूर्ववर्ती यूपीए (UPA) सरकार को घेरते हुए रिजिजू ने बड़ा हमला (Kiren Rijiju China Border Statement) बोलते हुए याद दिलाया कि कांग्रेस शासन में देश की नीति ही ‘बॉर्डर पर ढांचा न बनाने’ की थी. कांग्रेस के तत्कालीन रक्षा मंत्री एके एंटनी ने खुद संसद के पटल पर माना था कि भारत जानबूझकर अपनी तरफ सड़कें नहीं बना रहा है, जबकि चीन लगातार अपनी तरफ हाइवे और बैरकें ठोकता रहा. कांग्रेस की इसी डरपोक नीति की वजह से चीन को सीमा पर बढ़त मिली थी, जिसे अब मोदी सरकार सुधार रही है.
राहुल गांधी के दावों को किया खारिज
लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के ‘चीनी घुसपैठ’ और ‘गांवों पर कब्जे’ वाले आरोपों को रिजिजू ने सिरे से खारिज कर दिया. उन्होंने कहा कि भारत और चीन के बीच बहुत लंबी सीमा है, जो औपचारिक रूप से डिमार्केट नहीं है और न ही वहां कोई पिलर हैं. बिना ज़मीनी हकीकत जाने और बिना पुष्टि किए सोशल मीडिया पर फर्जी वीडियो फैलाकर देश की जनता को डराना और गुमराह करना सरासर गलत और राष्ट्रविरोधी रवैया है.
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‘वाइब्रेंट विलेज’ से बदला बॉर्डर का भूगोल’
इसके अलावा मोदी सरकार की नीतियों का जिक्र करते हुए रिजिजू ने कहा कि 2014 के बाद देश की सीमा नीति पूरी तरह पलट चुकी है. अब भारत की तरफ अंतिम गांव ‘देश का पहला गांव’ माना जाता है. माजा और तक्सिंग जैसे इलाकों में अभूतपूर्व कनेक्टिविटी पहुंचने से भारतीय सेना की पेट्रोलिंग बेहद आसान हो गई है और स्थानीय ग्रामीणों का पलायन रुक गया है. रिजिजू ने डंके की चोट पर कहा कि भारत अपनी एक इंच ज़मीन पर भी कोई समझौता नहीं करेगा.
-भारत एक्सप्रेस
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