Actor Saakchakravarty Beef Controversy: कोलकाता के मशहूर पार्क स्ट्रीट इलाके से एक खबर आई है जिसने सोशल मीडिया पर बहस का बाजाक गर्म कर दिया है. मशहूर अभिनेता सायक चक्रवर्ती के साथ एक रेस्टोरेंट में कुछ ऐसा हुआ जिससे न सिर्फ धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाई, बल्कि अब यह मामला कानूनी पचड़ों में भी फेंस गया है. चलिए आपको बताते हैं क्या है पूरा मामला.
क्या है पूरा मामला?
दरअसल, अभिनेता सायक चक्रवर्ती शुक्रवार की रात अपने दोस्तों के साथ पार्क स्ट्रीट के जाने माने पब ओली में डिनर के लिए गए थे. सायक ने कहा कि उन्होंने वहां मटन स्टेक ऑर्डक किया था. लेकिन कुछ देर बाद परोसे गए खाने के बारे में जो उन्हें पता चला उसे जानकर एक्टर के पैरों तले जमीन खिंसक गई. सायक के मुताबिक, उन्हें मटन की जगह बीफ (गौ मांस) परोस दिया गया था और उन्होंने अनजाने में उसे खा भी लिया.
विवाद की शुरुआत तब हुई जब वेटर टेबल पर एक और स्टेक ले आया. सायक ने जब टोका कि उन्होंने तो सिर्फ एक ही ऑर्डर किया था, तब वेटर ने कहा कि “आपने दो स्टेक- एक मटन और एक बीफ का ऑर्डर दिया था.” यह सुनकर सायक दंग रह गए. एक हिंदू ब्राह्मण परिवार से ताल्लुक रखने वाले सायक के लिए ये महज एक गलत ऑर्डर नहीं, बल्कि उनकी आस्था पर चोट थी.
पुलिस की कार्रवाई
मामला बढ़ते देख पुलिस ने भी इस पर तुरंत एक्शन लिया. सायक की शिकायत के आधार पर पार्क स्ट्रीट पुलिस ने शनिवार को वेटर शेख नसीरुद्दीन को गिरफ्तार कर लिया. उस पर भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 299 के तहत केस दर्ज किया गया है.
रेस्टोरेंट के मैनेजर ने भी कैमरे के सामने इस घटना को एक बड़ी लापरवाही मानते हुए माफी मांगी है. पुलिस अब खाने के सैंपल्स की जांच भी करा सकती है ताकि सच्चाई सामने आ सके.
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सोशल मीडिया पर छिड़ी जंग
सायक ने इस पूरी घटना का वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर डाल दिया था, जो देखते ही देखते वायरल हो गया. हालांकि, इसके बाद इंटरनेट दो गुटों में बंट गया. कुछ लोग सायक का समर्थन कर रहे थे, तो कुछ ने उन पर ‘सांप्रदायिक तनाव’ फैलाने और ‘पॉलिटिकल एजेंडा’ चलाने का आरोप लगा दिया.
विवाद को बढ़ता देख सायक ने पुराना वीडियो हटाकर एक नया स्पष्टीकरण जारी किया. उन्होंने साफ शब्दों में कहा:
“मेरा मकसद हिंदू-मुस्लिम दंगे भड़काना बिल्कुल नहीं है. मेरे कई मुस्लिम दोस्त हैं और मैं उनके साथ खुशियां बांटता हूं. मेरी नाराजगी किसी धर्म के खिलाफ नहीं, बल्कि रेस्टोरेंट की उस लापरवाही के खिलाफ थी जिसने मेरा धर्म भ्रष्ट किया.”
सायक ने आगे जोड़ा कि रेस्टोरेंट में भीड़ होना बहाना नहीं हो सकता. आज उनके साथ ऐसा हुआ है, कल किसी और के साथ भी हो सकता है. फिलहाल, कोलकाता पुलिस मामले की बारीकी से जांच कर रही है.
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-भारत एक्सप्रेस
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