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गोंदिया में वन्यजीव तस्करी का पर्दाफाश: DRI नागपुर ने जब्त की तेंदुए की खाल, वन विभाग को सौंपे आरोपी

Gondia News: गोंदिया जिले के देवरी में डीआरआई (DRI) नागपुर ने बड़ी कार्रवाई करते हुए तेंदुए की खाल के साथ दो आरोपियों को रंगे हाथों पकड़ा. जब्त खाल और आरोपियों को आगे की कार्रवाई के लिए उत्तर देवरी वन विभाग के सुपुर्द कर दिया गया है.

देवरी-पुंराड़ा मार्ग पर डीआरआई नागपुर की कार्रवाई में तेंदुए की खाल बरामद हुई और दो तस्करों को वन्यजीव संरक्षण अधिनियम के तहत हिरासत में लिया गया.

(PC: भारत एक्सप्रेस)

Gondia News:अभिषेक/गोंदिया: महाराष्ट्र के गोंदिया जिले से वन्यजीव तस्करी का एक बड़ा मामला सामने आया है. देवरी क्षेत्र में राजस्व आसूचना निदेशालय (DRI) नागपुर की टीम ने गुप्त सूचना के आधार पर छापेमारी कर तेंदुए की खाल के साथ दो तस्करों को गिरफ्तार किया है. दोनों आरोपी तेंदुए की खाल की खरीद-फरोख्त करने की फिराक में थे.

गोंदिया जिले के देवरी-पुंराड़ा मार्ग पर डीआरआई नागपुर की टीम ने कार्रवाई कर धनराज रामलाल उईके और नीलकंठ रामचंद्र पांढरे को तेंदुए की खाल के साथ गिरफ्तार किया. आरोपी सफेद कपड़े में खाल लपेटकर तस्करी की कोशिश कर रहे थे. डीआरआई ने पंचनामा तैयार कर दोनों आरोपियों और जब्त तेंदुए की खाल को आगे की कानूनी कार्रवाई के लिए उत्तर देवरी वन विभाग को सौंप दिया है.

राष्ट्रीय राजमार्ग पर गुप्त सूचना के बाद घेराबंदी

डीआरआई (DRI) नागपुर क्षेत्रीय इकाई को गुप्त सूचना मिली थी कि देवरी-पुंराड़ा मार्ग पर नागपुर-भंडारा-राजनांदगांव-रायपुर राष्ट्रीय राजमार्ग के पास वन्यजीव के अंगों की अवैध तस्करी होने वाली है. सूचना के आधार पर 29 सितंबर 2026 को अधिकारियों की टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए इलाके में घेराबंदी की और दो संदिग्ध व्यक्तियों को हिरासत में ले लिया.

सफेद कपड़े में लपेटकर रखी थी तेंदुए की खाल

पकड़े गए आरोपियों की पहचान धनराज रामलाल उईके (38 वर्ष) और नीलकंठ रामचंद्र पांढरे (35 वर्ष) के रूप में हुई है. तलाशी लेने पर उनके पास से एक तेंदुए की खाल बरामद हुई, जिसे सफेद कपड़े में छिपाकर रखा गया था. अधिकारियों ने स्वतंत्र गवाहों की मौजूदगी में पंचनामा तैयार कर बरामद सामग्री को सील कर दिया.

वन्यजीव संरक्षण अधिनियम के तहत मामला, वन विभाग को सौंपा

तेंदुए की खाल का अवैध व्यापार वन्यजीव संरक्षण अधिनियम, 1972 के तहत सख्त प्रतिबंधित है. प्राथमिक जब्ती और पंचनामा प्रक्रिया पूरी करने के बाद डीआरआई ने दोनों आरोपियों तथा जब्त सामग्री को आगे की कानूनी कार्रवाई और गहन जांच के लिए रेंज फॉरेस्ट ऑफिसर (उत्तर देवरी) के सुपुर्द कर दिया है.

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-भारत एक्सप्रेस



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