गांजा तस्करी की सियासी खलबली
Madhya Pradesh News: मध्य प्रदेश के सतना जिले में पुलिस ने एक ऐसी कार्रवाई की है, जिसने पूरे राजनीतिक गलियारे में हलचल मचा दी है. नगरीय विकास एवं आवास राज्यमंत्री प्रतिमा बागरी के सगे भाई अनिल बागरी को गांजा तस्करी के आरोप में गिरफ्तार किया गया है. पुलिस ने छापेमारी में धान की बोरियों के नीचे छिपा 46 किलो से अधिक गांजा बरामद किया है.
जांच में सामने आया है कि यह पूरा नेटवर्क अनिल बागरी और उसके जीजा शैलेंद्र सिंह द्वारा चलाया जा रहा था. पुलिस ने कार्रवाई के दौरान कई चौंकाने वाले खुलासे किए हैं, जिनसे यह साफ हो गया कि नशे का कारोबार गांव में लंबे समय से चल रहा था. शैलेंद्र सिंह पहले से ही यूपी में गांजा तस्करी के मामले में गिरफ्तार होकर जेल में बंद है.
धान की बोरियों के नीचे मिला गांजा
पुलिस को मुखबिर से सुराग मिला कि मरौहा गांव में बड़े स्तर पर नशे का स्टॉक छिपाया गया है. 7-8 दिसंबर की रात पुलिस टीम ने पंकज सिंह के घर पर दबिश दी. टीन शेड में रखी धान की बोरियों के नीचे से 48 पैकेट बरामद हुए. तौलने पर कुल वजन 46 किलो 134 ग्राम निकला, जिसकी अंतरराष्ट्रीय बाजार में कीमत करीब 9.22 लाख बताई जा रही है.
मंत्री का भाई और जीजा मास्टरमाइंड
पंकज सिंह से सख्त पूछताछ में पता चला कि बरामद गांजा मंत्री के भाई अनिल बागरी और उसके जीजा शैलेंद्र सिंह का है. इसके बाद पुलिस ने सोमवार को अनिल बागरी को गिरफ्तार कर लिया. जांच से ये भी सामने आया कि तस्करी का असली मास्टरमाइंड शैलेंद्र सिंह है, जिसे यूपी पुलिस पहले ही गिरफ्तार कर चुकी है.
दोनों आरोपी जेल भेजे गए
सोमवार को दोनों आरोपियों को विशेष अदालत में पेश किया गया, जहां उन्हें 19 दिसंबर तक न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया. पुलिस ने तीनों पर बीएनएस की धारा 8/20 एवं 29 एनडीपीएस एक्ट के तहत मामला दर्ज किया है.
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जीजा का पुराना आपराधिक इतिहास
शैलेंद्र सिंह नशे की तस्करी में पुराना खिलाड़ी है. इससे पहले उस पर नशीली कफ सिरप की तस्करी का मामला भी दर्ज हो चुका है, जिसमें 5 करोड़ के ट्रांजेक्शन का खुलासा हुआ था. अब साले की गिरफ्तारी ने इस परिवार के नशा कनेक्शन को एक बार फिर उजागर कर दिया है.
Madhya Pradesh के पूर्व विधायक का आरोप
पूर्व विधायक कल्पना वर्मा ने सरकार पर तंज कसते हुए कहा कि एक ओर नशा विरोधी अभियान चलाया जा रहा है और दूसरी ओर मंत्री के करीबी लोग ड्रग नेटवर्क चला रहे हैं. उन्होंने मुख्यमंत्री से सख्त कार्रवाई की मांग की है.
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