पीएम मोदी ने दिवाली पर देशवासियों को संबोधित करते हुए एक भावनात्मक पत्र लिखा है. पत्र में उन्होंने ऑपरेशन सिंदूर, स्वदेशी अपनाने की अपील और भारत की विकास यात्रा का उल्लेख किया है.
पत्र में ऑपरेशन सिंदूर का जिक्र
इस पत्र में पीएम मोदी ने दिवाली की शुभकामनाएं देते हुए इसे अयोध्या में राम मंदिर निर्माण के बाद दूसरी दीपावली बताया. उन्होंने लिखा कि भगवान श्रीराम धर्म का पालन और अन्याय से लड़ने की प्रेरणा देते हैं, जिसका उदाहरण हाल ही में हुए ऑपरेशन सिंदूर में देखने को मिला. इस ऑपरेशन को उन्होंने धर्म और न्याय की रक्षा का प्रतीक बताया.
इस बार की दिवाली क्यों खास?
इस साल की दिवाली को पीएम मोदी ने खास बताया है. क्योंकि पहली बार देश के उन जिलों में दीप जलाए गए हैं जहां नक्सलवाद और माओवादी आतंकवाद का सफाया हो चुका है. उन्होंने कहा कि कई लोग हिंसा का रास्ता छोड़कर संविधान में विश्वास जताते हुए विकास की मुख्यधारा में शामिल हुए हैं जो देश के लिए बड़ी उपलब्धि है.
पत्र में GST बचत उत्सव का भी जिक्र
उन्होंने GST बचत उत्सव का भी जिक्र किया, जिसमें कम दरों के चलते लोगों ने हजारों करोड़ रुपये की बचत की है. भारत को उन्होंने संवेदनशीलता का प्रतीक बताया और कहा कि देश दुनिया की तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनने की राह पर अग्रसर है.
स्वदेशी अपनाने की अपील
स्वदेशी अपनाने की अपील करते हुए पीएम मोदी ने लिखा, “गर्व से कहें—ये स्वदेशी है.” उन्होंने ‘एक भारत, श्रेष्ठ भारत’ की भावना को बढ़ावा देने, भाषाओं का सम्मान, स्वच्छता, सेहत का ध्यान, तेल का 10 प्रतिशत कम प्रयोग और योगा को जीवनशैली में शामिल करने की सलाह दी.
ये भी पढ़ें-गोवर्धन असरानी का निधन पर पीएम मोदी ने श्रद्धांजलि अर्पित की, कही ये बात
पत्र के अंत में उन्होंने लिखा
“दिवाली हमें सिखाती है कि जब एक दीपक दूसरे को जलाता है तो उसकी रोशनी कम नहीं होती बल्कि और बढ़ती है.”
इसी भावना के साथ उन्होंने सद्भाव, सहयोग और सकारात्मकता फैलाने का आह्वान किया.
Also Follow Bharat Express on Youtube
-भारत एक्सप्रेस
इस तरह की अन्य खबरें पढ़ने के लिए भारत एक्सप्रेस न्यूज़ ऐप डाउनलोड करें.


