Tribute to Thailand Queen Mother Sirikit: थाईलैंड की राजमाता महारानी सिरीकित के 93 वर्ष की आयु में निधन की खबर से थाईलैंड शोक की लहर दौड़ गई है. जनसेवा और शाही गरिमा की प्रतीक, महारानी ने बैंकॉक के एक अस्पताल में अंतिम सांस ली. इस गहन शोक की घड़ी में पीएम मोदी ने अपनी हार्दिक संवेदनाएं व्यक्त करते हुए कहा कि जनसेवा के प्रति उनका आजीवन समर्पण और उनकी विरासत आने वाली पीढ़ियों को प्रेरित करती रहेगी.
पीएम मोदी ने जताया शोक
पीएम मोदी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर पोस्ट कर पीएम मोदी ने कहा कि थाईलैंड की राजमाता, महारानी सिरीकित के निधन से मुझे गहरा दुःख हुआ है. जनसेवा के प्रति उनका आजीवन समर्पण पीढ़ियों को प्रेरित करता रहेगा. इस गहन शोक की घड़ी में राजा, शाही परिवार के सदस्यों और थाईलैंड की जनता के प्रति मेरी हार्दिक संवेदनाएं.
अस्पताल के बाहर लोगों की भीड़
बता दें महारानी के निधन की खबर मिलने ही अस्पताल के बाहर लोगों की भीड़ जुट गई. राजा महा वजीरालोंगकोर्न ने कहा कि सर्वोच्च सम्मान के साथ उनकी अंत्येष्टि की जाए. उन्होंने एक साल तक शाही परिवार के सदस्यों और सेवकों को शोक मनाने को कहा. प्रधानमंत्री अनुतिन चर्नविराकुल ने दुख व्यक्त करते हुए कहा कि सिरीकित का निधन देश के लिए बहुत बड़ी क्षति है.
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थाईलैंड के लिए बहुत बड़ी क्षति
थाईलैंड की राजमाता महारानी सिरीकित का निधन, भारत और थाईलैंड के बीच गहरे सांस्कृतिक और भावनात्मक संबंधों के बीच हुआ एक दुखद पल है. पीएम का सोशल मीडिया पर व्यक्त किया गया गहरा दुःख, महारानी के जनसेवा के प्रति आजीवन समर्पण और उनकी प्रेरक विरासत को सम्मान देता है. राजा महा वजीरालोंगकोर्न द्वारा सर्वोच्च सम्मान के साथ अंत्येष्टि का आदेश और एक साल तक के शोक की घोषणा यह दर्शाती है कि महारानी सिरीकित का जाना देश के लिए बहुत बड़ी क्षति है.
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