Bharat Express DD Free Dish

PM Modi का जापान में चंद्रयान-5 पर बड़ा ऐलान, JAXA और ISRO एक साथ मिलकर करेंगे ये काम, भारत-जापान ने साझेदारी का नया अध्याय किया शुरू

पीएम मोदी (PM Modi) इन दिनों जापान के दौरे पर हैं, जहां उन्होंने चंद्रयान-5 मिशन को लेकर एक बड़ा ऐलान किया है.

PM Modi का जापान में चंद्रयान-5 पर बड़ा ऐलान

PM Modi इन दिनों जापान के दौरे पर हैं, जहां उन्होंने एक बड़ा ऐलान किया है. उन्होंने चंद्रयान-5 मिशन के लिए भारतीय अंतरिक्ष अनुसंधान संगठन (ISRO) और जापान एयरोस्पेस एक्सप्लोरेशन एजेंसी (JAXA) के बीच सहयोग की घोषणा की है. इस दौरान, प्रधानमंत्री मोदी ने कहा,

“हम इसरो (ISRO) और जाक्सा (JAXA) के बीच सहयोग का समर्थन करते हैं. उन्होंने आगे कहा कि हमारी साझेदारी पृथ्वी से भी आगे बढ़ गई है.”

इसे भी पढ़ें-PM Modi Japan Visit: भारत-जापान के बीच साइन होंगे 100 से ज्यादा MoU, 5 पॉइंट्स में समझें दोनों देशों की साझेदारी

टोक्यो में पीएम मोदी (PM Modi) ने जापानी पीएम शिगेरू इशिबा (Shigeru Ishiba) के साथ बातचीत के बाद हुए साझा प्रेस कॉन्फ्रेंस में इसका ऐलान किया. इस दौरान कहा कि जापानी और भारतीय स्पेश एजेंसियों ने एक दूसरे के लिए सहयोग की घोषणा की है.

हमारी साझेदारी भरोसे का प्रतीक- PM Modi

टोक्यो पहुंचने पर पीएम मोदी का जापानी अधिकारियों और प्रवासी भारतीयों ने गर्मजोशी से स्वागत किया. स्थानीय कलाकारों ने गायत्री मंत्र, राजस्थानी लोकगीत और भरतनाट्यम नृत्य प्रस्तुत किए. जापानी महिला कलाकार मायोनी (हिंदी नाम मधु) ने ‘पधारो म्हारे देस’ गाकर मोदी का स्वागत किया.

इस सांस्कृतिक कार्यक्रम ने दोनों देशों की सभ्यतागत बंधनों को उजागर किया. मोदी ने अपने संबोधन में कहा कि भारत-जापान साझेदारी भरोसे का प्रतीक है, जो शांति, प्रगति और समृद्धि का साझा सपना लेकर चल रही है. उन्होंने इशिबा को अगले समिट के लिए भारत आने का न्योता भी दिया.

आर्थिक साझेदारी और निवेश की मजबूती

मोदी ने भारत-जापान आर्थिक मंच को संबोधित करते हुए कहा कि दुनिया की नजरें ही नहीं, भरोसा भी भारत पर है. उन्होंने भारत को जल्द तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनने की बात कही और जापानी कंपनियों से ‘भारत में बनाओ, दुनिया के लिए बनाओ’ का आह्वान किया. जापान एक्सटर्नल ट्रेड ऑर्गेनाइजेशन (JETRO) के सर्वे का हवाला देते हुए मोदी ने बताया कि 80% जापानी कंपनियां भारत में कारोबार विस्तार चाहती हैं और 75% कंपनियां यहां मुनाफा कमा रही हैं.

उन्होंने कहा, ‘भारत में पूंजी सिर्फ बढ़ती नहीं, बल्कि कई गुना हो जाती है.’ जापान ने 2000-2024 के बीच भारत में 37 लाख करोड़ रुपये का FDI किया, जिसमें ऑटोमोबाइल, इलेक्ट्रिकल, दूरसंचार, केमिकल, वित्त और फार्मा सेक्टर शामिल हैं.

2022-23 में 14,000 करोड़ और 2023-24 में 26,000 करोड़ का निवेश हुआ. मोदी ने अगले 10 सालों में जापान से भारत में 10 ट्रिलियन येन (करीब 6 लाख करोड़ रुपये) निवेश का लक्ष्य रखा, जिसमें MSME और स्टार्टअप को जोड़ने पर विशेष जोर दिया गया.

Also Follow Bharat Express on X

-भारत एक्सप्रेस



इस तरह की अन्य खबरें पढ़ने के लिए भारत एक्सप्रेस न्यूज़ ऐप डाउनलोड करें.

Also Read