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वर्ल्डफेमस Harvard स्कूल में पढ़ाई करने जा रहे भारत के इस राज्य के CM, चर्चा में 10 लाख रुपये की फीस वाला कोर्स

तेलंगाना के मुख्यमंत्री ए. रेवंत रेड्डी जनवरी 2026 में हार्वर्ड कैनेडी स्कूल के प्रतिष्ठित ‘Leadership for the 21st Century’ प्रोग्राम में हिस्सा लेंगे.

तेलंगाना के मुख्यमंत्री ए. रेवंत रेड्डी इन दिनों अपनी एक नई पारी को लेकर सुर्खियों में हैं. लेकिन इस बार चर्चा राजनीति के मैदान की नहीं, बल्कि दुनिया की सबसे प्रतिष्ठित यूनिवर्सिटी ‘हार्वर्ड’ की क्लासरूम की है. मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी जनवरी 2026 में अमेरिका के मशहूर हार्वर्ड कैनेडी स्कूल में एक खास लीडरशिप प्रोग्राम का हिस्सा बनने जा रहे हैं.

क्या है यह खास प्रोग्राम?

रेवंत रेड्डी जिस प्रोग्राम में शामिल होने जा रहे हैं, उसका नाम है ‘Leadership for the 21st Century’. यह कोई आम कोर्स नहीं है, बल्कि एक हफ्ते का एक हाई-लेवल ‘एग्जीक्यूटिव एजुकेशन प्रोग्राम’ है. यह 25 से 30 जनवरी 2026 के बीच अमेरिका के कैम्ब्रिज में आयोजित होगा.

खास बात यह है कि तेलंगाना सरकार के मुताबिक, हार्वर्ड के इस प्रतिष्ठित प्रोग्राम में हिस्सा लेने वाले रेवंत रेड्डी भारत के पहले मौजूदा मुख्यमंत्री होंगे. इस कोर्स में दुनिया के 20 से ज्यादा देशों के दिग्गज नेता और सीनियर प्रोफेशनल्स शामिल होने आ रहे हैं.

हार्वर्ड कैनेडी स्कूल का मानना है कि ‘लीडरशिप’ कोई कुर्सी या पद नहीं है, बल्कि यह एक जिम्मेदारी और व्यवहार है. अक्सर बड़े नेताओं के पास अधिकार तो होते हैं, लेकिन कई बार सिर्फ पावर से काम नहीं चलता. ऐसे में लोगों को साथ लेकर जटिल समस्याओं का हल कैसे निकाला जाए, यही इस कोर्स का असली मकसद है.

इसमें किताबी ज्ञान के बजाय रियल लाइफ केस स्टडीज पर जोर दिया जाता है. राजनीति, प्रशासन और सामाजिक चुनौतियों से निपटने के लिए अलग-अलग देशों के नेता अपने अनुभव साझा करते हैं.

सुबह की चर्चा और असाइनमेंट

अगर आप सोच रहे हैं कि यह सिर्फ एक औपचारिक दौरा है, तो आप गलत हैं. इस प्रोग्राम का शेड्यूल काफी सख्त है.

  • डेली क्लासेस: हर दिन क्लास अटेंड करना अनिवार्य है.
  • ग्रुप डिस्कशन: सुबह की शुरुआत छोटे ग्रुप्स में चर्चा से होती है, जहां सबको अपने काम के दौरान आने वाली चुनौतियों के बारे में बताना होता है.
  • होमवर्क और प्रोजेक्ट्स: प्रतिभागियों को बाकायदा असाइनमेंट, होमवर्क और ग्रुप प्रोजेक्ट्स दिए जाते हैं.
  • नया नजरिया: इसका मकसद किसी भी समस्या को एक नए एंगल से देखना और बेहतर समाधान खोजना है.

कितनी है फीस और किसे मिलता है मौका?

हार्वर्ड का यह प्रोग्राम खास तौर पर मुख्यमंत्री, मंत्री, सीनियर सरकारी अधिकारियों, बड़ी कंपनियों के टॉप बॉसेज और एनजीओ हेड के लिए डिजाइन किया गया है. इस एक हफ्ते के कोर्स की कुल फीस 12,900 अमेरिकी डॉलर है, जो भारतीय रुपयों में लगभग 10 से 11 लाख रुपये के बीच है. इस फीस में ट्यूशन, हार्वर्ड कैंपस में रहने का खर्च, पढ़ाई का सामान और खाना-पीना सब शामिल है.

भारत के लिए क्यों है खास?

किसी राज्य के मुख्यमंत्री का इस तरह के वैश्विक मंच पर जाना ना केवल उनके व्यक्तिगत विकास के लिए, बल्कि प्रशासनिक नजरिए से भी अहम माना जा रहा है. रेवंत रेड्डी जब वहां से लौटेंगे, तो उम्मीद है कि वह वैश्विक स्तर की लीडरशिप स्किल्स का इस्तेमाल तेलंगाना के विकास और शासन व्यवस्था को बेहतर बनाने में करेंगे.

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-भारत एक्सप्रेस



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