West Bengal Election 2026 update: पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के नतीजों के लिए अभी कुछ ही घंटे बाकी हैं, लेकिन उससे पहले ही राज्य में ‘खून-खराबे’ का खेल शुरू हो गया है. दरअसल नोआपाड़ा विधानसभा क्षेत्र में शनिवार की आधी रात को भाजपा के संगठन सचिव कुंदन सिंह के घर पर जानलेवा हमला (Bengal Violence before counting) हुआ है.
दरअसल भाजपा नेता अर्जुन सिंह ने सीधा आरोप लगाया है कि मतगणना से पहले भाजपा कार्यकर्ताओं को डराने और उनकी आवाज दबाने के लिए टीएमसी समर्थित बदमाशों ने गोलीबारी की है. इस घटना के बाद इलाके में भारी पुलिस बल तैनात है और तनाव चरम पर है.
Last night under 107- Noapara Assembly Constituency, at about 12.05 AM, two armed criminals namely Akash Choudhary alias Golu and Aman Choudhary, patronised by @AITCofficial, reached on a motorbike at the house of Kundan Singh, the Secretary of the Barrackpore Organisational… pic.twitter.com/LnkxSGVqaM
— Arjun Singh (@ArjunsinghWB) May 3, 2026
आधी रात को 12:05 बजे ‘मौत’ का तांडव(Bengal Election Violence)
भाजपा नेता अर्जुन सिंह के मुताबिक, रात करीब 12:05 बजे जब पूरा इलाका सो रहा था, तब दो हथियारबंद बदमाश (आकाश चौधरी उर्फ गोलू और अमन चौधरी) मोटरसाइकिल पर सवार होकर कुंदन सिंह के घर पहुंचे. आरोप है कि बदमाशों ने कुंदन सिंह को निशाना बनाकर फायरिंग की.
हमलावर घर में घुसने की कोशिश कर रहे थे लेकिन किस्मत अच्छी थी कि कुंदन सिंह बाल-बाल बच गए. भाजपा का दावा है कि यह हमला सिर्फ डराने के लिए नहीं, बल्कि सीधे तौर पर ‘हत्या’ की साजिश थी.
भाजपा ने लगाए गंभीर आरोप(Bengal Violence before counting)
अर्जुन सिंह ने पुलिस प्रशासन की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए हैं. उन्होंने बताया कि हमलावर आकाश चौधरी को मतदान के दिन पुलिस ने हिरासत में लिया था, लेकिन रहस्यमयी तरीके से उसे छोड़ दिया गया.
भाजपा का आरोप है कि गरुलिया इलाके के ये कुख्यात अपराधी प्रशासन की नाक के नीचे खुलेआम घूम रहे हैं और भाजपा नेताओं को निशाना बना रहे हैं. आरोप लग रहा है कि पुलिस की इसी ‘नरमी’ की वजह से बदमाशों के हौसले बुलंद हैं.
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‘काउंटिंग’ से पहले खौफ का माहौल?
राजनीतिक जानकारों का मानना है कि यह हमला (Bengal Violence before counting) महज इत्तेफाक नहीं है. 4 मई को होने वाली काउंटिंग से पहले भाजपा के एजेंटों और कार्यकर्ताओं में दहशत पैदा करने के लिए इस तरह की वारदातों को अंजाम दिया जा रहा है.
अर्जुन सिंह ने चुनाव आयोग से गुहार लगाई है कि अगर मतगणना के दौरान निष्पक्षता चाहिए, तो ऐसे अपराधियों को तुरंत सलाखों के पीछे भेजा जाए. भाजपा का कहना है कि टीएमसी हार के डर से अब हिंसा पर उतारू हो गई है.
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-भारत एक्सप्रेस
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