Bharat Express DD Free Dish

धूमावती जयंती और मासिक दुर्गाष्टमी का महासंयोग, सुबह ‘व्यतीपात’ के साये से बचाव जरूरी; जानें शुभ मुहूर्त

Aaj Ka Panchang 22 June 2026: आज मां दुर्गा की कृपा आपके जीवन में अपार सफलता और संकटों से मुक्ति ला सकती है, वहीं सुबह का ‘व्यतीपात योग’ और ‘राहुकाल’ हर शुभ कार्य में अड़चन डालने की ताक में बैठे हैं. ऐसे में पढ़ें आज का संपूर्ण पंचांग और जानें शुभ-अशुभ मुहूर्त का सही समय.

Aaj Ka Panchang 22 June 2026 Today Hindu Calendar Somwar Today Astrology Prediction Dhumavati Jayanti Shubh Muhurat Rahu Kaal Panchang Timings

Aaj Ka Panchang 22 June 2026

Aaj Ka Panchang 22 June 2026: आज 22 जून 2026, दिन सोमवार है. हिंदू वैदिक पंचांग के अनुसार, आज ज्येष्ठ माह के शुक्ल पक्ष की अष्टमी तिथि है, जो दोपहर 03 बजकर 39 मिनट तक रहेगी, जिसके बाद नवमी तिथि का आरंभ हो जाएगा. सोमवार का पावन दिन देवों के देव महादेव और चंद्र देव को समर्पित है. आज के दिन शिव जी की पूजा करने और मां दुर्गा की आराधना करने से जीवन के सभी कष्टों, मानसिक तनाव और अज्ञात भयों का समूल नाश होता है.

पंचांग विवरण (Aaj Ka Panchang 22 June 2026)

आज का दिन विशेष रूप से दस महाविद्याओं में से एक ‘धूमावती जयंती’ और ‘मासिक दुर्गाष्टमी’ के पावन पर्व के महासंयोग के लिए जाना जाता है. मान्यता है कि आज के दिन गुप्त रूप से की गई साधना से देवी मां प्रसन्न होती हैं और घर में सुख-समृद्धि का संचार होता है. ज्योतिषीय दृष्टिकोण से आज चंद्रमा पूरे दिन कन्या राशि और सूर्य के स्वामित्व वाले ‘उत्तर फाल्गुनी नक्षत्र’ में संचरण कर रहे हैं. हालांकि, आज सुबह के समय कुछ चुनौतीपूर्ण योग भी बन रहे हैं. कार्यों में पूर्ण सफलता सुनिश्चित करने के लिए शुभ मुहूर्तों (जैसे अभिजीत मुहूर्त) का ज्ञान होना नितांत आवश्यक है.

आज की तिथि और वार (Today’s Tithi and Day)

पंचांग के अनुसार, आज ज्येष्ठ शुक्ल पक्ष की अष्टमी तिथि है जो दोपहर 03 बजकर 39 मिनट तक मान्य रहेगी. इसके पश्चात नवमी तिथि लग जाएगी. सोमवार का दिन चंद्रमा की शांति, मानसिक एकाग्रता और नए रचनात्मक कार्यों की शुरुआत के लिए अत्यंत शुभ माना जाता है.

  • तिथि: शुक्ल अष्टमी (दोपहर 03:39 बजे तक), फिर नवमी
  • पक्ष: शुक्ल पक्ष
  • वार: सोमवार
  • संवत्: विक्रम संवत् 2083

नक्षत्र और योग (Nakshatra and Yoga)

आज प्रातः 10 बजकर 22 मिनट तक ‘उत्तर फाल्गुनी नक्षत्र’ रहेगा, जो सूर्यदेव का नक्षत्र है. इसके बाद हस्त नक्षत्र की शुरुआत होगी. उत्तर फाल्गुनी नक्षत्र में जन्मे लोग विनम्र, मेहनती और बुद्धिमान होते हैं. योग की बात करें तो आज प्रातः 10 बजकर 31 मिनट तक कष्टकारी ‘व्यतीपात योग’ रहेगा. इसके तुरंत बाद श्रेष्ठ परिणाम देने वाला ‘वरीयान योग’ लग जाएगा.

  • नक्षत्र: उत्तर फाल्गुनी (प्रातः 10:22 बजे तक), फिर हस्त
  • योग: व्यतीपात योग (प्रातः 10:31 बजे तक), फिर वरीयान योग
  • करण: बव (दोपहर 03:39 बजे तक), फिर बालव (अगले दिन तड़के 04:05 बजे तक)

सूर्य और चंद्रमा की स्थिति (Position of Sun and Moon)

आज सूर्य देव मिथुन राशि में विराजमान हैं. वहीं, चंद्रमा पूरे दिन और रात कन्या राशि में गोचर करेंगे. कन्या राशि का चंद्रमा व्यक्ति को व्यावहारिक, विश्लेषणात्मक, बुद्धिमान और कूटनीतिक रूप से मजबूत बनाता है.

  • सूर्य राशि: मिथुन
  • चंद्र राशि: कन्या
  • सूर्योदय / सूर्यास्त: सुबह 05 बजकर 24 मिनट / शाम 07 बजकर 22 मिनट
  • चंद्रोदय / चंद्रास्त: दोपहर 12 बजकर 50 मिनट / मध्यरात्रि 12 बजकर 34 मिनट (23 जून)

आज के शुभ मुहूर्त (Today’s Shubh Muhurat)

किसी भी शुभ और मांगलिक कार्य को आरंभ करने के लिए आज ‘अभिजीत मुहूर्त’ का समय सबसे श्रेष्ठ है. इन मुहूर्तों में की गई पूजा-अर्चना अत्यंत फलदायी होगी. आज अमृत काल का कोई संयोग नहीं बन रहा है.

  • अभिजीत मुहूर्त: दोपहर 11 बजकर 55 मिनट से दोपहर 12 बजकर 51 मिनट तक
  • विजय मुहूर्त: दोपहर में अनुकूल समय पर (स्थानीय गणना के अनुसार कार्य करें)

राहुकाल, गुलिकाल और अशुभ समय (Rahukaal and Inauspicious Times)

आज के दिन सुबह के समय ‘राहुकाल’ रहेगा, जिसमें कोई भी नया शुभ कार्य, वित्तीय लेनदेन या यात्रा की शुरुआत करना सख्त वर्जित है. इसके साथ ही सुबह के समय ‘व्यतीपात योग’ का साया भी रहेगा, इसलिए विशेष सावधानी बरतें.

  • राहुकाल: प्रातः 07 बजकर 09 मिनट से प्रातः 08 बजकर 54 मिनट तक (इस समय शुभ कार्य टालें)
  • गुलिकाल: दोपहर 02 बजकर 08 मिनट से सायं 03 बजकर 53 मिनट तक
  • यमगण्ड काल: प्रातः 10 बजकर 38 मिनट से दोपहर 12 बजकर 23 मिनट तक

आज के व्रत और त्यौहार (Today’s Fasts and Festivals)

आज ‘धूमावती जयंती’ और ‘मासिक दुर्गाष्टमी’ का पावन पर्व एक साथ मनाया जा रहा है. ज्येष्ठ शुक्ल अष्टमी को तंत्र साधना और शक्ति पूजा के लिए अचूक माना जाता है. मान्यता है कि आज के दिन संकट नाशक स्तोत्र का पाठ करने से जीवन के सभी दरिद्र योग नष्ट हो जाते हैं और शत्रुओं पर विजय प्राप्त होती है.

ये भी पढ़ें:कर्क राशि में महागोचर: मिथुन-धनु वाले हो जाएं सतर्क, इन राशियों की खुलेगी किस्मत; पढ़ें आज का राशिफल

आपने आज का पंचांग (Aaj Ka Panchang 22 June 2026) पढ़ लिया. अब धर्म, आध्यात्म से जुड़ी अन्य खबरों के लिए यहां क्लिक करें.

आज के पंचांग का सार (Summary)

निष्कर्ष के तौर पर, 22 जून 2026 का दिन ‘धूमावती जयंती’ और ‘मासिक दुर्गाष्टमी’ की दिव्य शक्तियों से भरा है, लेकिन सुबह के ‘व्यतीपात योग’ और ‘राहुकाल’ के कारण आपको शुरुआत में सतर्क रहना होगा. कोई भी नया कार्य या महत्वपूर्ण निर्णय सुबह के राहुकाल के बीत जाने के बाद ‘अभिजीत मुहूर्त’ (दोपहर 11:55 से 12:51) में ही लें. मां दुर्गा और भगवान शिव का ध्यान कर अपने दिन की शुरुआत करें, सब मंगलमय होगा.



इस तरह की अन्य खबरें पढ़ने के लिए भारत एक्सप्रेस न्यूज़ ऐप डाउनलोड करें.

Also Read