मुंबई के वानखेड़े स्टेडियम में शनिवार (7 फरवरी) को भारत का पहला टी20 वर्ल्ड कप मैच खेला गया. अमेरिका के साथ हुए इस मैच में कप्तान सूर्यकुमार यादव ने संकटमोचक के रूप में उभरे. सूर्यकुमार यादव की 84 रन की पारी ने टीम इंडिया को जीत दिलाई. कप्तान सूर्यकुमार ने बताया कि उनकी पारी में कोच गौतम गंभीर की सलाह ने अहम भूमिका निभाई.
गौतम गंभीर ने सूर्यकुमार यादव को दी ये अहम सलाह
भारतीय क्रिकेट टीम के कप्तान सूर्यकुमार यादव ने मैच के बाद बताया कि कोच गौतम गंभीर ने उनसे कहा था कि वह अपनी पारी को अंत ले जाएं. गंभीर का मानना था कि सूर्यकुमार के पास ऐसे शॉट्स हैं, जिनसे वे अंतिम ओवरों में तेजी से रन बना सकते हैं.
सूर्यकुमार ने कहा, “मुझे लगा यह विकेट 180-190 रन का नहीं, बल्कि करीब 140 रन का था. ब्रेक के दौरान गौती भाई ने भी यही कहा– बस अंत तक टिके रहो, रन बाद में बन जाएंगे. मैंने मुंबई के मैदानों और ऐसे विकेटों पर काफी क्रिकेट खेली है, इसलिए मुझे भरोसा था कि मैं यहां बल्लेबाजी कर सकता हूं.”
उन्होंने स्वीकार किया कि जब टीम 77/6 पर थी, तब उन पर काफी दबाव था, लेकिन खुद पर भरोसा था कि अगर वह अंत तक खेलेंगे, तो मैच में फर्क ला सकते हैं. सूर्यकुमार छठे ओवर में बल्लेबाजी करने आए और शुरुआत में धीमे रहे, पहली 13 गेंदों में केवल 7 रन बने. इसी दौरान लगातार विकेट गिरते रहे. लेकिन बाद में उन्होंने शुबहम रंजन पर कुछ शानदार शॉट लगाए और उसी ओवर में उनका कैच छूट गया, जो अमेरिका के लिए भारी साबित हुआ.
सूर्यकुमार ने बनाया रिकॉर्ड
धीरे-धीरे पारी को संभालते हुए सूर्यकुमार ने 36 गेंदों में अर्धशतक पूरा किया. आखिरी ओवर में उन्होंने सौरभ नेत्रवलकर की जमकर धुनाई की और 21 रन बटोरे. नेत्रवलकर ने अपने 4 ओवर में 65 रन दिए और कोई विकेट नहीं लिया, जो टी20 वर्ल्ड कप के इतिहास में सबसे महंगे स्पेल्स में से एक है.
ये भी पढ़ें: बेसबॉल की चकाचौंध में कैसे खो गया अमेरिकी क्रिकेट? USA में फिर से ‘जेंटलमैन गेम’ के लौटने की इनसाइड स्टोरी
इस पारी के साथ सूर्यकुमार यादव ने टी20 वर्ल्ड कप में भारतीय कप्तान के रूप में दूसरा सबसे बड़ा स्कोर बनाया. साथ ही, कप्तानी डेब्यू पर यह दूसरा सबसे बड़ा स्कोर रहा, जो सिर्फ 2009 में ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ क्रिस गेल की 88 रन की पारी से पीछे है.
-भारत एक्सप्रेस
इस तरह की अन्य खबरें पढ़ने के लिए भारत एक्सप्रेस न्यूज़ ऐप डाउनलोड करें.


