“संविधान जीवंत दस्तावेज, 76 वर्षों में देश ने तय की लंबी यात्रा”…संविधान दिवस पर बोले पूर्व CJI बी.आर. गवई
पूर्व मुख्य न्यायाधीश बी.आर. गवई ने संविधान दिवस पर कहा कि भारत का संविधान एक जीवंत और प्रगतिशील दस्तावेज है, जिसने 76 वर्षों में लोकतंत्र, समानता और न्याय को मजबूत किया है. उन्होंने संसद और न्यायपालिका की ऐतिहासिक भूमिका पर भी प्रकाश डाला.
सीजेआई बीआर गवई ने कहा कि भारतीय न्याय व्यवस्था में सख्त सुधार की जरूरत है
हैदराबाद स्थित नालसार यूनिवर्सिटी ऑफ लॉ के दीक्षांत समारोह में सीजेआई बी. आर. गवई ने भारतीय न्याय प्रणाली की खामियों और लंबित मामलों की बढ़ती संख्या पर चिंता जताई.
CJI गवई ने 11वें जस्टिस वी.आर. कृष्णा अय्यर मेमोरियल लॉ लेक्चर को किया संबोधित, कहा- “मानवता और संवैधानिक मूल्यों के रक्षक थे अय्यर”
भारत के मुख्य न्यायाधीश बी.आर. गवई ने बॉम्बे हाईकोर्ट में आयोजित 11वें न्यायमूर्ति वी.आर. कृष्णा अय्यर के प्रति प्रतिबद्धता और उनके ऐतिहासिक फैसलों को याद करते हुए मेमोरियल लॉ लेक्चर को संबोधित किया.





