कैसे बने शिबू सोरेन झारखंड के आदिवासी अधिकारों की आवाज, जानिए उनके जीवन के संघर्ष, आंदोलन और राजनीतिक उपलब्धियाँ
शिबू सोरेन, जिन्हें 'दिशोम गुरु' कहा जाता है, ने झारखंड के आदिवासी समुदाय के अधिकारों के लिए लंबा संघर्ष किया. उनके जीवन में बलिदान, आंदोलन और जनसेवा की एक मिसाल देखने को मिलती है.





