बलात्कार में सजा, मर्डर में बरी! पत्रकार हत्याकांड मामले में राम रहीम को हाईकोर्ट से राहत
पंजाब और हरियाणा हाईकोर्ट ने पत्रकार रामचंद्र छत्रपति मर्डर केस में डेरा प्रमुख गुरमीत राम रहीम को बरी कर दिया है. 2019 में मिली उम्रकैद की सजा को कोर्ट ने रद्द किया, हालांकि बलात्कार मामले में सजा के चलते वे जेल में ही रहेंगे.
Gurmeet Ram Rahim : डेरा प्रमुख की Parole की Inside Story
डेरा सच्चा सौदा प्रमुख गुरमीत राम रहीम एक बार फिर सुर्खियों में है। 20 साल की सजा काट रहे राम रहीम को रोहतक की सुनारिया जेल से 40 दिनों की पैरोल मिल गई है। सजा मिलने के बाद से यह 15वीं बार है जब बाबा जेल की दीवारों से बाहर आए हैं। आंकड़ों पर गौर करें तो पिछले 8 सालों में राम रहीम कुल 405 दिन पैरोल और फर्लो पर बाहर बिता चुका है। 4 जनवरी 2026 को हुई इस रिहाई ने एक बार फिर हरियाणा की राजनीति में हलचल मचा दी है। विपक्ष इसे 'चुनावी रसूख' और 'राजनीतिक लाभ' से जोड़कर देख रहा है, वहीं सरकार इसे जेल नियमों के तहत सामान्य प्रक्रिया बता रही है। देखिए हमारी यह खास रिपोर्ट, जिसमें हम बाबा की पैरोल का पूरा गणित और इसके पीछे की इनसाइड स्टोरी बताएंगे।





