‘हत्या के मामले में मकसद न होना बरी होने का आधार नहीं’, सुप्रीम कोर्ट ने बरकरार रखी हत्यारे पिता की उम्र कैद
सुप्रीम कोर्ट ने अपने बेटे की हत्या में दोषी पिता की उम्रकैद की सजा को बरकरार रखा. अदालत ने कहा कि किसी अपराध के लिए मकसद का न होना आरोपी को बरी नहीं कर सकता.





