दिल्ली के बिहार निवास में बिहार के राज्यपाल की उच्च-स्तरीय बैठक: शिक्षा सुधार और राष्ट्र-निर्माण की दिशा तय
बिहार के राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल सैयद अता हसनैन ने बिहार निवास में शिक्षाविदों एवं सामाजिक विचारकों के प्रतिनिधिमंडल की मेज़बानी की, डॉ. इन्द्रेश कुमार, प्रो. शाहिद अख़्तर और कर्नल ताहिर मुस्तफ़ा के साथ हुई एक अहम बैठक, शिक्षा व्यवस्था और देश के कई ज्वलंत मुद्दों पर हुई चर्चा। बैठक का मुख्य उद्देश्य भारत की शैक्षिक संरचना को सुदृढ़ करना, प्रमुख राष्ट्रीय चुनौतियों का समाधान करना और राष्ट्र-निर्माण की सामूहिक दिशा तय करना था।
PoK में सुलगती चिंगारी और 1987 का ‘ऑपरेशन ब्रासटैक्स’, क्या इतिहास बदलने का मौका चूक गया था भारत?
PoK में जारी मौजूदा अशांति के बीच 1980 के दशक के ऑपरेशन ब्रासटैक्स और जनरल कृष्णस्वामी सुंदरजी की रणनीतिक सोच पर फिर बहस तेज हो गई है.
पदभार संभालते ही CDS Raja Subramani का ऐलान, आत्मनिर्भर रक्षा पर रहेगा फोकस
चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ जनरल एन.एस. राजा सुब्रमणि ने कहा, "चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ का पदभार संभालकर मैं सम्मानित महसूस कर रहा हूं। हम सशस्त्र बल पर दिखाए गए विश्वास के लिए देश के आभारी हैं। हम, भारतीय सेना, नौसेना, एयर फोर्स, रक्षा मंत्रालय, स्ट्रेटेजिक इंस्टीट्यूशन और सभी स्टेकहोल्डर भारत की सुरक्षा को मजबूत करने के लिए पूरे देश के नजरिए के हिस्से के तौर पर एकजुट हैं।
India के बाद Afganistan ने क्यों रोका Pakistan का पानी?
पाकिस्तान और अफगानिस्तान के रिश्तों में एक बार फिर तनाव बढ़ता दिखाई दे रहा है। सीमा सुरक्षा, आतंकवाद, शरणार्थियों और कूटनीतिक मतभेदों को लेकर दोनों देशों के बीच हालात लगातार जटिल होते जा रहे हैं। इसी बीच अफगानिस्तान की ओर से एक ऐसा कदम उठाए जाने की अटकलें तेज़ हैं, जिससे पाकिस्तान की रणनीतिक और सुरक्षा चुनौतियाँ और बढ़ सकती हैं। इस वीडियो में हम समझेंगे कि दोनों देशों के बीच तनाव की जड़ क्या है, अफगानिस्तान किस तरह का कदम उठा सकता है, और इसका असर क्षेत्रीय राजनीति व सुरक्षा पर कैसे पड़ सकता है। पूरी जानकारी और विश्लेषण के लिए वीडियो अंत तक देखें।
India दौरे के तुरंत बाद Putin का दुश्मन देश Visit. क्या है Modi का प्लान?
भारत दौरे के 8 दिन बाद रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन तुर्केमिनिस्तान विजिट पर हैं. 2 दिन के इस विजिट में पुतिन तुर्केमिनिस्तान के साथ-साथ तुर्की से भी संपर्क साधेंगे. तुर्की की एक प्रतिष्ठित मीडिया के मुताबिक राष्ट्रपति एर्दोआन से अश्गाबात नामक स्थान पर वो दोनों लोग मुलाकात करेंगे. आपकी जानकारी के लिए बताते चलें कि कूटनीतिक दुनिया में तुर्की को भारत का दुश्मन देश माना जाता है.





