चाबहार: हॉर्मुज के ‘चोकपॉइंट’ का काट, क्या भारत ने ईरान के साथ रणनीतिक जोखिम लेने में की देरी?
भारत की विदेश नीति में ईरान के साथ संबंध हमेशा अमेरिकी प्रतिबंधों और रणनीतिक स्वायत्तता के बीच झूलते रहे हैं. यदि भारत ने प्रतिबंधों की परवाह किए बिना चाबहार बंदरगाह और उससे जुड़े रेल-रोड नेटवर्क का तेजी से विकास किया होता.
Donald Trump on India ‘बोर्ड ऑफ पीस’ के बहाने ट्रंप की भारत पर नई ‘गुगली’! जानें क्या है मामला?
भारत में अमेरिका के राजदूत सर्जियो गोर ने अपने आधिकारिक एक्स हैंडल पर इस संबंध में व्हाइट हाउस का लेटर जारी किया है. उन्होंने लिखा, "ये मेरे लिए बड़े सम्मान की बात है कि मैं राष्ट्रपति ट्रंप की ओर से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को ग़ज़ा के बोर्ड ऑफ़ पीस में हिस्सा लेने के लिए आमंत्रित कर रहा हूँ. बोर्ड ग़ज़ा में स्थायी शांति के लिए, स्थायित्व और ख़ुशहाली के लिए वहाँ एक असरदार प्रशासन को सहयोग करेगा."





