पानी का शाप या कुप्रबंधन का परिणाम? बिहार की त्रासद विरासत पर डॉ. दिनेश कुमार मिश्र का बड़ा खुलासा
बिहार में पानी कभी सिर्फ जीवन का स्रोत नहीं रहा, वह एक विरोधाभास है जहां एक ही समय में बाढ़ और सुखाड़ दोनों मौजूद रहते हैं. यह प्रकृति का दोष नहीं, बल्कि हमारी नीतियों और समझ की सीमाओं का परिणाम है.





