OP Rajbhar on Akhilesh Yadav
UP Elections 2027: पश्चिम बंगाल और महाराष्ट्र से होते हुए अब टूट की राजनीति उत्तर प्रदेश तक पहुंच चुकी है. 2027 विधानसभा चुनाव से पहले राजनीतिक सरगर्मी बढ़ गई हैं. यूपी सरकार में मंत्री और सुहेलदेव भारतीय समाज पार्टी के प्रमुख ओम प्रकाश राजभर (Om Prakash Rajbhar) ने दावा किया है कि समाजवादी पार्टी में जल्द टूट देखने को मिल सकती है. उन्होंने इस दावे के साथ बागी नेता को ‘बागी भूमि’ का लाल बताया है. हालांकि, इस पर समाजवादी पार्टी के अध्यक्ष अखिलेश यादव (Akhilesh Yadav) ने पलटवार करते हुए ओपी राजभर को घेरा.
ओपी राजभर ने क्या कहा?
गुरुवार (18 जनू) को ओपी राजभर ने एक बार फिर सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर ट्विट करते हुए समाजवादी पार्टी को घेरा है. उन्होंने लिखा, “कल से सब पूछ रहे हो कि सपा में क्या टूट होने वाली है? तो सुनो! सपा के बागी सांसदों के गुट का नेतृत्व उत्तर प्रदेश की ‘बागी भूमि’ का एक लाल करेगा. और करे भी क्यों न? कल जिस तरह से सपा कार्यालय में सम्मेलन के नाम पर ब्राह्मणों को तिरस्कृत किया गया, उससे ‘बागी बलिया’ का लाल बहुत आहत है. योजना पहले से थी लेकिन कल कि घटना ने आग में घी डालने का काम कर दिया है. टूट होकर रहेगी.
राजभर ने आगे कहा, “मेरी एक प्रतिक्रिया पर जिस तरह से पूरा सैफई खानदान मुझे गाली देने और सफाई देने में जुट गया, उससे ज्यादा बेहतर है कि अखिलेश बाबू ट्विटर, एसी और पीसी वाली नेतागिरी छोड़कर अब सांसद बचाओ अभियान शुरू कर दें. और दुखी एवं निराश सांसदों के घर जाकर उनसे माफी मांगे.”
कल से सब पूछ रहे हो कि सपा में क्या टूट होने वाली है?
तो सुनो!
सपा के बागी सांसदों के गुट का नेतृत्व उत्तर प्रदेश की ‘बागी भूमि’ का एक लाल करेगा।
और करे भी क्यों न?
कल जिस तरह से सपा कार्यालय में सम्मेलन के नाम पर ब्राह्मणों को तिरस्कृत किया गया, उससे ‘बागी बलिया’ का लाल…
— Om Prakash Rajbhar (@oprajbhar) June 18, 2026
25-26 सांसद छोड़ेंगे सपा?
ओम प्रकाश राजभर ने दावा किया है कि समाजवादी पार्टी में जल्द बड़ी टूट देखने को मिल सकती है. उन्होंने कहा कि पार्टी के कई नेता और सांसद भाजपा में जाने की तैयारी में हैं. राजभर ने यह भी आरोप लगाया कि खनन और गोमती रिवर फ्रंट घोटालों की जांच का दबाव बढ़ने से सपा नेताओं में बेचैनी है. इससे पहले सपा के राष्ट्रीय महासचिव रामगोपाल यादव को लेकर भी राजनीतिक बयानबाजी तेज रही. वहीं, कानपुर में उपमुख्यमंत्री केशव मौर्य ने कहा कि सपा के 25-26 सांसद पार्टी छोड़ने के लिए तैयार हैं. उन्होंने दावा किया कि भाजपा किसी को तोड़ नहीं रही है, बल्कि 2027 के चुनाव से पहले कई नेता खुद ही सपा से अलग हो जाएंगे.
अखिलेश ने किया पलटवार
अखिलेश यादव ने ओम प्रकाश राजभर के दावे पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि भाजपा विपक्षी दलों के नेताओं को लालच और दबाव के जरिए अपने साथ लाने की कोशिश करती रही है. उन्होंने आरोप लगाया कि पहले भी सपा के कई विधायक, एमएलसी और राज्यसभा सदस्य पार्टी छोड़ चुके हैं. अखिलेश ने कहा कि जो लोग दबाव में आ जाएंगे, वे पार्टी छोड़ सकते हैं, लेकिन भाजपा का मुकाबला करने के लिए मजबूत और साहसी कार्यकर्ताओं की जरूरत होती है. उन्होंने भरोसा जताया कि सपा पूरी मजबूती के साथ चुनावी लड़ाई लड़ने के लिए तैयार है. साथ ही उन्होंने कहा कि अब भाजपा को हराने का काम जनता करेगी.
-भारत एक्सप्रेस
इस तरह की अन्य खबरें पढ़ने के लिए भारत एक्सप्रेस न्यूज़ ऐप डाउनलोड करें.

