BLA Against Pakistan Army: पाकिस्तान का सबसे बड़ा प्रांत बलूचिस्तान (Balochistan) इस वक्त बारूद के ढेर पर बैठा है. बलूच विद्रोहियों ने पाकिस्तान सरकार और सेना की नाक में दम कर रखा है. हालात गृहयुद्ध जैसे हो गए हैं. पिछले 48 घंटों में बलूचिस्तान में हुए सिलसिलेवार हमलों ने इस्लामाबाद से लेकर रावलपिंडी (GHQ) तक हड़कंप मचा दिया है. बलूच लिबरेशन आर्मी (BLA) ने ‘ऑपरेशन हेरोफ’ (Operation Herof) यानी ‘काला तूफान’ के तहत पाकिस्तानी सेना पर अब तक का सबसे बड़ा हमला बोला है.
बलूचिस्तान के मुख्यमंत्री सरफराज बुगती ने क्वेटा में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस कर दावा किया कि सुरक्षा बलों ने पिछले 40 घंटों में जवाबी कार्रवाई करते हुए 145 आतंकवादियों को मार गिराया है. हालांकि, सरकारी आंकड़ों में यह संख्या 92 बताई जा रही है. अब तक कुल 15 आम नागरिक और 31 सुरक्षाकर्मी अपनी जान गंवा चुके हैं.
कई इलाकों में BLA का कब्जा (Pakistan Army Casualties)
पाकिस्तान के उप गृह मंत्री तलाल चौधरी ने आरोप लगाया कि हमलावर आम नागरिकों के वेश में आए और उन्होंने अस्पतालों, स्कूलों और बाजारों में लोगों को ‘मानव ढाल’ की तरह इस्तेमाल किया. दूसरी ओर, बलूच लिबरेशन आर्मी (BLA) ने अलग ही दावे किए हैं. बीएलए के प्रवक्ता जीयंद बलूच ने कहा कि उनके लड़ाकों ने ‘ऑपरेशन हेरोफ 2.0’ के तहत पाकिस्तानी सेना के 80 से ज्यादा जवानों को मार गिराया है और 18 को बंदी बना लिया है. कई इलाकों में हमारा कब्जा है.
पाकिस्तान के खिलाफ कई गुट साथ (BLA Attack Pakistan)
BLA का दावा है कि उन्होंने कई पुलिस थानों पर कब्जा कर लिया, बैंक लूट लिए और हथियारों का जखीरा अपने कब्जे में ले लिया. उनका कहना है कि हमले के 15 घंटे बाद भी कई प्रमुख राजमार्गों और शहरों पर उनका नियंत्रण बना हुआ है. इस बार की लड़ाई अलग है क्योंकि BLA को दूसरे गुटों का भी साथ मिल रहा है.
ये भी पढ़ें: प्रमोशन बना यमदूत! काम के बोझ तले टूटा शख्स, मौत के बाद भी मिला नया असाइनमेंट
यूनाइटेड बलूच आर्मी (UBA) के प्रवक्ता मजार बलूच ने ‘ऑपरेशन हेरोफ’ को पूर्ण समर्थन देने का ऐलान किया है. मेहरान मर्री (निर्वासित नेता) बलूच नेता मेहरान मर्री ने कहा कि बलूच अब सुपरपावर का इंतजार नहीं कर सकता है अपनी लड़ाई खुद लड़नी होगी.
सशस्त्र क्रांति में शामिल होने की अपील
BLA कमांडर-इन-चीफ ने वीडियो जारी कर जनता से घरों से बाहर निकलकर इस सशस्त्र क्रांति में शामिल होने की अपील की है. आर्मी चीफ आसिम मुनीर के लिए यह स्थिति बेहद चिंताजनक है क्योंकि चीन और अमेरिका के बीच झूलते पाकिस्तान के हाथ से उसका सबसे संसाधन संपन्न प्रांत फिसलता नजर आ रहा है.
इस तरह की अन्य खबरें पढ़ने के लिए भारत एक्सप्रेस न्यूज़ ऐप डाउनलोड करें.

