Bharat Express DD Free Dish

अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रम्प का दावा— Iran-Israel Ceasefire हुआ, लेकिन ईरान ने खारिज किया; इजरायल पर फिर बैलिस्टिक मिसाइलें दागीं

ईरान-इजरायल तनाव के बीच ट्रम्प का सीजफायर कराने का दावा चर्चा में है, लेकिन दोनों देशों की सैन्य कार्रवाइयां इसे खोखला साबित कर रही हैं. मध्य पूर्व की स्थिति नाजुक बनी हुई है, और शांति की राह अभी दूर नजर आ रही है.

पश्चिम एशिया में इजरायल-अमेरिका बनाम ईरान का संघर्ष नए मोड़ पर पहुंच गया है. अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने बीती रात दावा किया कि ईरान और इजरायल के बीच सीजफायर करवा दिया गया है. उन्‍होंने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर लिखा- 12 दिन का जंग खत्म हुआ. अब इलाके में शांति आएगी.

हालांकि, ट्रम्प के सीजफायर के दावे के बावजूद इजरायल-ईरान का युद्ध खत्म होता नहीं नजर आ रहा. आज सुबह कुछ ही देर पहले ईरान ने इजरायली शहरों पर बैलिस्टिक मिसाइलें दागी हैं. इन हमलों में कई लोगों की मौत होने की जानकारी मिली है.

ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अरागची ने ट्रम्प के सीजफायर दावे को खारिज भी कर दिया है. अब्बास ने आज कहा, “इजरायल के साथ कोई अंतिम युद्धविराम नहीं हुआ. हां, इजरायल हमले रोकेगा, तो ईरान भी हमला नहीं करेगा.”

ट्रम्प के ऐलान के 5 घंटे बाद ईरान के हमले

टाइम्स ऑफ इजरायल की रिपोर्ट के अनुसार, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प के सीजफायर के ऐलान के 5 घंटे बाद ही ईरान ने इजरायल पर 4 बैलिस्टिक मिसाइलें दागीं. एक मिसाइल बीर्शेबा शहर में एक इमारत पर गिरी, जिसमें 3 लोगों की मौत हो गई और कई घायल हुए.

जानिए अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रम्प ने क्‍या कहा था

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने 24 जून 2025 को तड़के 3:30 बजे अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ट्रुथ सोशल पर दावा किया कि ईरान और इजरायल के बीच सीजफायर हो गया है. उन्होंने कहा, “6 घंटे बाद सीजफायर लागू होगा. पहले 12 घंटे ईरान हथियार डालेगा, फिर अगले 12 घंटे इजरायल हमला नहीं करेगा, और जंग खत्म हो जाएगी.”

ट्रम्प के इस अचानक ऐलान से व्हाइट हाउस के कई वरिष्ठ अधिकारी भी हैरान रह गए. न्यूयॉर्क टाइम्स के अनुसार, ट्रम्प ने उपराष्ट्रपति जेडी वेंस, विदेश मंत्री मार्को रुबियो और विशेष दूत स्टीव विटकॉफ के साथ मिलकर यह समझौता किया था.

तुलसी गबार्ड ने की ट्रम्प की कोशिशों की तारीफ

अमेरिका की राष्ट्रीय खुफिया निदेशक तुलसी गबार्ड ने ट्रम्प के सीजफायर के प्रयास को ऐतिहासिक बताया. उन्होंने कहा, “यह ट्रम्प की अथक कोशिशों का नतीजा है.” हालांकि, कुछ दिन पहले ट्रम्प ने गबार्ड के एक बयान पर नाराजगी जताई थी, जिसमें उन्होंने कहा था कि ईरान फिलहाल परमाणु हथियार नहीं बना रहा. बावजूद इसके, दोनों इस कथित सीजफायर को बड़ी उपलब्धि मान रहे हैं.

यह भी पढिए— चील जैसे दिखने वाले B-2 बमवर्षक विमानों और टॉमहॉक मिसाइलों से अमेरिका ने कैसे तबाह किए ईरान के 3 परमाणु ठिकाने, जानिए

लेकिन जंग जारी, सीजफायर की उम्मीद धूमिल

ट्रम्प के दावे के बावजूद ईरान-इजरायल के बीच जंग जारी है. न्यूयॉर्क टाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक, ट्रम्प के ऐलान के 3 घंटे बाद इजरायल ने ईरान पर नए हमले किए. अरागची ने बताया कि 24 जून की सुबह 6 बजे तक ईरानी सैनिक जंग लड़ते रहे. इससे पहले 23 जून को ईरान ने कतर में अमेरिकी अल-उदीद एयरबेस पर 19 मिसाइलें दागी थीं, हालांकि उस हमले में कोई हताहत नहीं हुआ, क्योंकि ईरान ने पहले अलर्ट जारी किया था.

यह भी पढिए— ईरान-इजराइल जंग में कूदा अमेरिका, 3 परमाणु ठिकानों पर गिराए बम, ट्रम्प ने हमले की पुष्टि की

सीजफायर का दावा फुस्‍स, क्षेत्रीय तनाव, भविष्य

आज सुबह 9 बजे तक के हालात बता रहे हैं कि ट्रम्प का सीजफायर कराने का दावा क्षेत्रीय शांति की उम्मीद जगाने में नाकाम रहा. ईरान और इजरायल के बीच बढ़ते हमले मध्य पूर्व में व्यापक युद्ध का खतरा बढ़ा रहे हैं. विशेषज्ञों का मानना है कि बिना ठोस कूटनीतिक प्रयासों के यह संघर्ष और गहरा सकता है. अंतरराष्ट्रीय समुदाय की नजर अब इस पर है कि क्या ट्रम्प का दावा हकीकत बन पाएगा या यह तनाव और बढ़ेगा.

यह भी पढ़िए: इजरायल-अमेरिका के हमलों से थर्राए ईरान ने अब कतर में अमेरिकी एयरबेस पर मिसाइलें दागीं; ईराक पर भी हमला



इस तरह की अन्य खबरें पढ़ने के लिए भारत एक्सप्रेस न्यूज़ ऐप डाउनलोड करें.

Also Read