Howard Lutnick: मेक अमेरिका ग्रेट अगेन का नारा देकर दूसरी बार अमेरिकी राष्ट्रपति बनने के बाद डोनाल्ड ट्रंप ने दूसरे देशों के खिलाफ ट्रेड वार छेड़ रखी है. उन्होंने अमेरिका से व्यापार करने वाले देशों पर भारी-भरकम टैरिफ लगा दिया. इसी कड़ी में उन्होंने भारत के खिलाफ कड़े कदम उठाते हुए 50 प्रतिशत टैरिफ लगा दिया है. अब इस टैरिफ वार को लेकर बड़ी खबर समाने आई है. दरअसल ट्रंप पीएम मोदी की बादशाहत को लेकर खफा हैं.
अमेरिकी कॉमर्स सेक्रेटरी हॉवर्ड लटनिक ने बड़ा दावा किया है. उन्होंने कहा कि पीएम मोदी ट्रंप को फोन नहीं करते, इसकी वजह से ट्रंप का ईगो हर्ट हो गया. इसी का नतीजा था कि भारत-अमेरिका ट्रेड डील होते-होते रुक गई.
पीएम मोदी के फोन का कर रहे थे इंतजार
हॉवर्ड लटनिक ने बताया कि ट्रेड डील के अटकने की वजह कोई नीतिगत मतभेद नहीं बल्कि पीएम मोदी का ट्रंप को सीधे फोन न करना है. उन्होंने कहा कि पीएम मोदी ने ट्रंप को फोन नहीं किया जिसकी वजह से उनका ईगो हर्ट हो गया. जिसकी कीमत भारत को 50 प्रतिशत तक के भारी-भरकम टैरिफ के रूप में चुकानी पड़ी.
बड़ी खबर: US कॉमर्स सेक्रेटरी लुटनिक का दावा, PM मोदी के ट्रंप को कॉल न करने की वजह से इंडिया ट्रेड डील नहीं हुई
“मैंने डील तय की थी। लेकिन आपको मोदी को प्रेसिडेंट ट्रंप को कॉल करवाना था। वे (इंडिया) इससे अनकम्फर्टेबल थे। इसलिए मोदी ने कॉल नहीं किया।” pic.twitter.com/FAuQ0c2D9P
— Umashankar Singh उमाशंकर सिंह (@umashankarsingh) January 9, 2026
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने हाल ही में रूस से तेल खरीदने को लेकर भारत को धमकी दी. उन्होंने कहा कि अमेरिका भारत पर 500 प्रतिशत टैरिफ लगायेगा.
ट्रेड डील से पीछे हट चुका है अमेरिका
लटनिक ने यह भी कहा कि जिन शर्तों पर भारत और अमेरिका के बीच व्यापार समझौता तय माना जा रहा था. अब वो लागू नहीं है. अमेरिका इस व्यापार समझौते से पीछे हट चुका है. जिन शर्तों पर पहले सहमति बनी थी, अब अमेरिका उनपर विचार नहीं कर रहा है.
US कॉमर्स सेक्रेटरी लुटनिक ने आगे कहा कि, मैंने डील तय की थी, लेकिन इसकी शर्त ये थी कि पीएम मोदी को प्रेसिडेंट डोनाल्ड ट्रंप को कॉल करना था. इससे भारत सहमत नहीं था. इसलिए पीएम मोदी ने ट्रंप को कॉल नहीं किया और ट्रेड डील टूट गई.
बता दें कि, अमेरिका ने एक नया बिल पेश किया है. जिसके तहत अगर कोई भी देश रूस से तेल या यूरेनियम जैसी चीजें खरीदता है. तो अमेरिका उसपर कड़ा एक्शन ले सकता है और उसपर 500 फीसदी तक टैरिफ लगाया जा सकता है. डोनाल्ड ट्रंप ने इस बिल को मंजूरी भी दे दी है.
-भारत एक्सप्रेस
इस तरह की अन्य खबरें पढ़ने के लिए भारत एक्सप्रेस न्यूज़ ऐप डाउनलोड करें.

