US Iran Ceasefire: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के ऐलान के बाद अमेरिका और ईरान के बीच भले ही दो हफ्ते (14 दिनों) का सीजफायर हो गया है. हालांकि, मिडिल ईस्ट में महायुद्ध की आग अभी पूरी तरह से नहीं थमी है. सीजफायर से दुनिया ने थोड़ी राहत की सांस जरूर ली है, लेकिन समझौते की शर्तों और इसके दायरे को लेकर इजरायल का कड़ा रुख सामने आया है. ‘नाखुश’ इजरायल ने अपना रुख साफ कर दिया है. खतरे को भांपते हुए भारत ने तेहरान दूतावास के जरिए भारतीयों को तुरंत ईरान छोड़ने की सख्त एडवाइजरी जारी कर दी है.
समझौते पर इजरायल की दो टूक (Benjamin Netanyahu On US Iran Ceasefire)
अमेरिका और ईरान के बीच हुए इस दो हफ्ते के सीजफायर पर इजराइल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने तीखी प्रतिक्रिया दी है. नेतन्याहू ने स्पष्ट किया है कि इजरायल अमेरिका-ईरान के बीच हुए सीजफायर का समर्थन करता है, लेकिन यह रोक किसी भी सूरत में लेबनान पर लागू नहीं होती. इजरायल का स्पष्ट मानना है कि यह समझौता ‘ईरान की शर्तों पर’ नहीं हुआ है. प्रधानमंत्री कार्यालय ने एक्स (X) पर जारी एक बयान में कहा कि-
‘प्रस्तावित दो सप्ताह की रोक केवल अमेरिका और ईरान के बीच लागू होती है, लेबनान इससे बिल्कुल अलग है.’
इजरायल अपनी उत्तरी सीमा को सुरक्षित रखने के लिए लेबनान में हिजबुल्लाह के ठिकानों पर अपनी सैन्य कार्रवाई जारी रखेगा. वहां लगातार सीमा पार गोलीबारी और नए हमलों की खबरें आ रही हैं. हालांकि, इजरायल ने राष्ट्रपति ट्रंप के उन प्रयासों का स्वागत किया है, जिनसे यह सुनिश्चित हो सके कि ईरान भविष्य में अमेरिका, इजरायल और दुनिया के लिए परमाणु व आतंकी खतरा न रहे.
भारत बोला- जल्द से जल्द छोड़ें ईरान (India On US Iran Ceasefire)
युद्धविराम के ऐलान के बावजूद हालात की गंभीरता को देखते हुए तेहरान स्थित भारतीय दूतावास ने बुधवार (8 अप्रैल 2026) को एक नई और बेहद सख्त एडवाइजरी जारी की है. इसमें ईरान में रह रहे भारतीय नागरिकों से जल्द से जल्द देश छोड़ने की अपील की गई है. दूतावास ने 7 अप्रैल की उस घटना का भी संदर्भ दिया है जब डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान के बिजली संयंत्रों और पुलों को उड़ाने की धमकी दी थी. भारतीय दूतावास ने अपने बयान में कहा है कि-
‘हालिया घटनाक्रम को देखते हुए ईरान में मौजूद भारतीय नागरिकों को सख्ती से सलाह दी जाती है कि वे दूतावास के साथ समन्वय करते हुए और सुझाए गए तय रास्तों का इस्तेमाल कर जल्द से जल्द ईरान से बाहर निकलें. कोई भी भारतीय नागरिक बिना दूतावास से सलाह और समन्वय किए किसी भी अंतरराष्ट्रीय ज़मीनी सीमा (land border) की ओर जाने की कोशिश न करे.’
नंबर किए गए जारी (US Iran Ceasefire Middle East)
भारतीय नागरिकों की सहायता के लिए जारी हुए आपातकालीन नंबर भी जारी किए गए हैं. किसी भी इमरजेंसी की स्थिति में भारतीय नागरिक इन हेल्पलाइन नंबर्स पर संपर्क कर सकते हैं:
- +989128109115
- +989128109102
- +989128109109
- +989932179359
- ईमेल: [email protected]
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अभी केवल टला है रुका नहीं युद्ध
कुल मिलाकर, अमेरिका और ईरान के बीच हुआ यह सीजफायर भले ही फौरी तौर पर एक बड़ी कूटनीतिक राहत लग रहा हो, लेकिन लेबनान मोर्चे पर इजरायल के सख्त रुख ने साफ कर दिया है कि पश्चिम एशिया (Middle East) में शांति की राह अभी भी बेहद पथरीली है. एक तरफ इजरायल अपनी सुरक्षा के नाम पर हिजबुल्लाह के खिलाफ सैन्य अभियान जारी रखे हुए है, तो दूसरी तरफ भारत सरकार द्वारा अपने नागरिकों को तुरंत ईरान छोड़ने का सख्त निर्देश इस बात का स्पष्ट संकेत है कि महायुद्ध का खतरा अभी टला नहीं है.
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