Women Empowerment:
Women Empowerment: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कुशल और दूरदर्शी नेतृत्व में केंद्र की भाजपा सरकार के सफल 12 वर्ष पूरे हो रहे हैं. इस लंबे और ऐतिहासिक कार्यकाल के दौरान सरकार की लगभग हर नीति और विकास कार्यों के केंद्र में देश की ‘नारी शक्ति’ रही है. पीएम मोदी के मार्गदर्शन में शुरू की गई विभिन्न कल्याणकारी योजनाएं आज देश की महिलाओं के लिए वास्तविक गेमचेंजर साबित हुई हैं. इन योजनाओं ने महिलाओं को न सिर्फ समाज में एक नया सम्मान दिया है, बल्कि उन्हें आर्थिक और राजनीतिक रूप से भी सशक्त बनाया है. हाल ही में, प्रधानमंत्री ने अपने सोशल मीडिया अकाउंट्स के माध्यम से उन सशक्त बहनों और लाभार्थियों के कई प्रेरक वीडियो भी शेयर किए हैं, जिन्होंने इन सरकारी योजनाओं का लाभ उठाकर अपने जीवन की दिशा को पूरी तरह बदल दिया है.
सुरक्षित आवास और धुएं से मुक्ति का संकल्प
महिला सशक्तिकरण की दिशा में मोदी सरकार ने जमीन पर कई बड़े मील के पत्थर स्थापित किए हैं. ‘पीएम आवास योजना’ के तहत देश भर में करोड़ों परिवारों को पक्के मकान दिए गए हैं, जिनमें से अधिकांश घरों का मालिकाना हक (रजिस्ट्री) महिलाओं के नाम पर या उनके साथ संयुक्त रूप से की गई है. इसने ग्रामीण और शहरी गरीब महिलाओं को एक नई सामाजिक गरिमा और सुरक्षा प्रदान की है. इसी तरह, रसोई घर के स्वास्थ्य को सुधारने के लिए ‘पीएम उज्ज्वला योजना’ मील का पत्थर साबित हुई है. आधिकारिक आंकड़ों के अनुसार, देश में अब तक 10.57 करोड़ से अधिक गरीब महिलाओं को मुफ्त एलपीजी (LPG) गैस कनेक्शन दिए जा चुके हैं, जिससे देश में कुल रसोई गैस कवरेज 2014 के मुकाबले 129 प्रतिशत से ज्यादा बढ़कर करीब 33.39 करोड़ तक पहुंच गया है. इसने महिलाओं को धुएं से मुक्ति और एक सुगम जीवन दिया है.
आर्थिक आजादी और स्वरोजगार की नई उड़ान
महिलाओं को अपने पैरों पर खड़ा करने के लिए सरकार ने व्यापार और बैंकिंग के रास्ते भी बेहद आसान किए हैं. ‘पीएम मुद्रा योजना’ के तहत बिना किसी गारंटी के ऋण की सुविधा मिलने से देश की लाखों महिला उद्यमियों ने अपने छोटे-बड़े व्यवसाय शुरू किए हैं. इस योजना के कुल लाभार्थियों में 70 प्रतिशत के करीब भागीदारी महिलाओं की है. इसके साथ ही, ‘लखपति दीदी योजना’ अभियान के जरिए स्वयं सहायता समूहों (SHG) से जुड़ी ग्रामीण महिलाओं को तकनीकी, वित्तीय और व्यावसायिक रूप से प्रशिक्षित किया जा रहा है. इस योजना ने अब तक 3.07 करोड़ से अधिक महिलाओं को सालाना 1 लाख रुपये से ज्यादा की स्थायी कमाई करने में सक्षम बनाया है, और सरकार ने अब इसका लक्ष्य बढ़ाकर 6 करोड़ लखपति दीदी बनाने का रखा है. बेटियों के सुरक्षित भविष्य और उनकी उच्च शिक्षा के लिए शुरू की गई ‘सुकन्या समृद्धि योजना’ भी आज देश के करोड़ों मध्यमवर्गीय और गरीब परिवारों के लिए एक बड़ा वरदान साबित हुई है.
यह भी पढ़ें: PM Narendra Modi Longest Serving Prime Minister: नेहरू का रिकॉर्ड टूटेगा, भाजपा नेताओं ने बताया गर्व का क्षण
राजनीतिक रूप से सशक्त हुई नारी शक्ति
मोदी सरकार ने महिलाओं को केवल आर्थिक रूप से ही नहीं, बल्कि देश की नीतियों को तय करने वाली मुख्यधारा में लाने का भी एक बड़ा ऐतिहासिक काम किया है. सरकार द्वारा पारित किया गया ‘नारी शक्ति वंदन अधिनियम’ महिला सशक्तिकरण के इतिहास में सबसे बड़ा कानूनी कदम है. इस ऐतिहासिक कानून के तहत देश की संसद और राज्यों की विधानसभाओं में महिलाओं को 33 प्रतिशत आरक्षण देने की पुख्ता व्यवस्था की गई है. बीते 12 वर्षों में जमीनी स्तर के व्यापार से लेकर देश की सर्वोच्च नीति-निर्धारक संस्थाओं तक महिलाओं की बढ़ती भागीदारी यह साफ दर्शाती है कि मोदी सरकार का ‘महिला विकास’ (Women-led Development) का संकल्प अब पूरी तरह से सिद्ध हो रहा है.
इस तरह की अन्य खबरें पढ़ने के लिए भारत एक्सप्रेस न्यूज़ ऐप डाउनलोड करें.




