Cyber Crime Jhansi: अगर आप या आपके आसपास कोई अखबार में शादी का विज्ञापन देकर हमसफर की तलाश कर रहा है, तो सावधान हो जाइए. उत्तर प्रदेश के झांसी में पुलिस ने एक ऐसे हाईटेक फर्जी मैट्रिमोनियल कॉल सेंटर का पर्दाफाश किया है, जो ‘ऑपरेशन मोहब्बत’ चलाकर देशभर के अधेड़ उम्र के अविवाहित पुरुषों को कंगाल बना रहा था. स्क्रीन के उस पार जिसे लोग अपनी होने वाली ‘खूबसूरत दुल्हन’ समझ रहे थे, वह असल में कंप्यूटर से बनी AI की तस्वीरें थीं.
उत्तर प्रदेश की नवाबाद थाना पुलिस और साइबर क्राइम टीम ने राय कॉलोनी स्थित एक मकान पर छापेमारी कर ‘शादी संस्था डॉट कॉम’ नाम से चल रहे एक बड़े फर्जी मैट्रिमोनियल कॉल सेंटर का भंडाफोड़ किया है. यह गिरोह पिछले 3-4 साल से देशभर के 40 साल से ज्यादा उम्र के उन अविवाहित पुरुषों को अपना शिकार बना रहा था, जो शादी के लिए अखबारों में विज्ञापन देते थे. पुलिस ने मौके से 9 महिलाओं और 2 मुख्य आरोपियों समेत कुल 11 लोगों को गिरफ्तार किया है. इनके पास से 26 मोबाइल, मैकबुक, आईफोन और करीब 41 लाख रुपये के लेन-देन का रिकॉर्ड मिला है.
जांच में बेहद चौंकाने वाला तरीका सामने (AI Bride Scam)
पुलिस जांच में जो तरीका सामने आया है, वह बेहद चौंकाने वाला है. यह गैंग सबसे पहले अखबारों के मैट्रिमोनियल कॉलम से पीड़ित पुरुषों के नंबर निकालता था. इसके बाद ट्रेंड महिलाएं उन्हें कॉल कर बेहद मीठी आवाज में शादी की बात शुरू करती थीं. शिकार का भरोसा जीतने के लिए वॉट्सऐप पर आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) से तैयार की गई खूबसूरत लड़कियों की तस्वीरें भेजी जाती थीं. हैरान करने वाली बात यह है कि पीड़ित की पसंद (गोरी, पारंपरिक या मॉडर्न लुक) के हिसाब से AI की मदद से तुरंत चेहरे बदल दिए जाते थे, जिससे सामने वाले को लगता था कि उसे सपनों की राजकुमारी मिल गई है.
वॉयस कॉल को वायरल करने की धमकी (Fake Call Center Busted)
जैसे ही बातचीत प्यार और दोस्ती में बदलती, कॉल सेंटर की ये महिलाएं बातचीत को अश्लील (डर्टी टॉक) दिशा में ले जाती थीं. पीड़ित अपनी होने वाली पत्नी समझकर खुलकर बातें करता था, लेकिन उसे अंदाजा नहीं था कि उसकी हर एक बात रिकॉर्ड की जा रही थी. जब पीड़ित शादी या मुलाकात की तारीख तय करने का दबाव बनाता, तो गैंग असली रंग दिखाता था. रिकॉर्ड की गई अश्लील बातचीत और वॉयस कॉल को सोशल मीडिया पर वायरल करने की धमकी देकर लाखों रुपये की फिरौती वसूली जाती थी.
पूछताछ में पता चला कि, (Matrimonial Scam)
मुख्य आरोपी छत्तीसगढ़ के रहने वाले हैं और उन्होंने वहीं से यह धंधा सीखा था. झांसी आकर उन्होंने आकांक्षा नाम की महिला को पार्टनर बनाया और स्थानीय महिलाओं को बाकायदा ‘कस्टमर को उलझाए रखने’ की ट्रेनिंग देकर इस रैकेट में शामिल किया. साइबर क्राइम की अपर पुलिस अधीक्षक अरीबा नोमान ने बताया कि सभी आरोपियों को कोर्ट में पेश कर न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया है और अब इस नेटवर्क के अन्य पीड़ितों का पता लगाया जा रहा है.
-भारत एक्सप्रेस
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