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गौमूत्र एक्सपर्ट या माइक्रोप्रोसेसर क्रांति के हीरो? जानिए प्रियंका गांधी के निशाने पर आए IIT प्रोफेसर कामकोटी का सच

Priyanka Gandhi Gaumutra Expert: लोकसभा में प्रियंका गांधी ने आईआईटी मद्रास के निदेशक प्रोफेसर वी. कामकोटी के लिए कथित तौर पर ‘गौमूत्र एक्सपर्ट’ शब्द का इस्तेमाल किया. इस बयान के बाद राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है. साथ ही प्रो. कामकोटी की पढ़ाई, शोध और वैज्ञानिक उपलब्धियों को लेकर भी चर्चा शुरू हो गई है.

Priyanka Gandhi Gaumutra Expert

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Priyanka Gandhi Gaumutra Expert: लोकसभा में शिक्षा से जुड़े मामलों पर चर्चा के दौरान कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी वाड्रा की एक टिप्पणी ने नया राजनीतिक विवाद खड़ा कर दिया है. प्रियंका गांधी ने आईआईटी मद्रास के निदेशक प्रोफेसर वी. कामकोटी के लिए कथित तौर पर ‘गौमूत्र एक्सपर्ट’ शब्द का इस्तेमाल किया. इस बयान के बाद राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है. साथ ही प्रो. कामकोटी की पढ़ाई, शोध और वैज्ञानिक उपलब्धियों को लेकर भी चर्चा शुरू हो गई है.

प्रोफेसर वी. कामकोटी की पहचान देश के प्रमुख कंप्यूटर वैज्ञानिकों और शिक्षाविदों के रूप में होती है. उन्होंने आईआईटी मद्रास से कंप्यूटर साइंस एंड इंजीनियरिंग में एमएस और पीएचडी की पढ़ाई की है. वर्ष 2001 में वह इसी संस्थान में फैकल्टी सदस्य बने थे. इसके बाद जनवरी 2022 में उन्हें आईआईटी मद्रास का निदेशक नियुक्त किया गया.

माइक्रोप्रोसेसर प्रोग्राम को किया था लीड

उनका मुख्य कार्यक्षेत्र कंप्यूटर आर्किटेक्चर, सूचना सुरक्षा और वीएलएसआई डिजाइन है. वह आईआईटी मद्रास में माइक्रोप्रोसेसर डेवलपमेंट प्रोग्राम के साथ-साथ इन्फॉर्मेशन सिक्योरिटी एजुकेशन एंड अवेयरनेस प्रोग्राम का नेतृत्व भी कर रहे हैं.

प्रो. कामकोटी राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार बोर्ड के सदस्य हैं. इससे पहले वह केंद्र सरकार के वाणिज्य एवं उद्योग मंत्रालय की ओर से गठित आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस टास्क फोर्स के अध्यक्ष भी रह चुके हैं.

जेईई के चेयरमैन भी रह चुके हैं कामाकोटी

आईआईटी मद्रास में उन्होंने कई अहम प्रशासनिक जिम्मेदारियां संभाली हैं. वह जेईई के चेयरमैन और इंडस्ट्रियल कंसल्टेंसी एंड स्पॉन्सर्ड रिसर्च विभाग के एसोसिएट डीन भी रह चुके हैं.

शोध के क्षेत्र में भी उनका लंबा अनुभव है. अंतरराष्ट्रीय जर्नल और कॉन्फ्रेंस में उनके 150 से अधिक शोध पत्र प्रकाशित हो चुके हैं. उन्होंने पीएचडी और मास्टर ऑफ साइंस रिसर्च के कई छात्रों का मार्गदर्शन किया है. इसके अलावा, उद्योगों और सरकारी शोध संस्थानों से जुड़ी करीब 50 अनुसंधान एवं विकास परियोजनाओं का नेतृत्व भी किया है.

कई अवार्ड से हो चुके हैं सम्मानित

प्रो. कामकोटी नेशनल स्टॉक एक्सचेंज और भारतीय रिजर्व बैंक की तकनीकी समितियों से भी जुड़े रहे हैं. उन्हें डीआरडीओ अकादमिक एक्सीलेंस अवॉर्ड, आईबीएम फैकल्टी अवॉर्ड, अब्दुल कलाम टेक्नोलॉजी इनोवेशन नेशनल फेलोशिप और एसीसीएस लाइफटाइम अचीवमेंट अवॉर्ड समेत कई सम्मान मिल चुके हैं.

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प्रियंका गांधी की कथित टिप्पणी के बाद अब यह विवाद केवल राजनीतिक बयान तक सीमित नहीं है. प्रो. कामकोटी के लंबे शैक्षणिक सफर और तकनीकी योगदान पर भी सार्वजनिक बहस तेज हो गई है.

-भारत एक्सप्रेस



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