Ambuja Cements
Ambuja Cements: अदाणी समूह की कंपनी अंबुजा सीमेंट्स ने वित्त वर्ष 2027 की पहली तिमाही में मजबूत प्रदर्शन किया है. कंपनी की कमाई में सुधार हुआ, ट्रेड सेल्स बढ़ी और लागत को नियंत्रित रखने में भी सफलता मिली.
कंपनी ने कहा है कि वह वित्त वर्ष के अंत तक अपनी सीमेंट उत्पादन क्षमता बढ़ाकर 119 मिलियन टन सालाना करने के लक्ष्य पर कायम है. इसके लिए कई नए संयंत्रों पर काम तेजी से चल रहा है.
अप्रैल से जून की तिमाही के दौरान पश्चिम एशिया में भू-राजनीतिक तनाव के चलते लागत का दबाव बना रहा. इसके बावजूद कंपनी अपने मुनाफे और मार्जिन में सुधार करने में सफल रही.
पिछली तिमाही के मुकाबले बढ़ा बेसिस पॉइंट
अंबुजा सीमेंट्स का EBITDA मार्जिन पिछली तिमाही के मुकाबले 331 बेसिस पॉइंट बढ़कर 16.7 प्रतिशत हो गया. कंपनी के मुताबिक, बेहतर परिचालन, प्रीमियम उत्पादों की ज्यादा बिक्री और मजबूत प्रोडक्ट मिक्स से मार्जिन को सहारा मिला.
लागत घटाने पर भी कंपनी का खास जोर रहा. ऊर्जा के बेहतर इस्तेमाल, क्लिंकर की खपत में कमी और परिचालन दक्षता बढ़ाने जैसे कदमों से प्रति मीट्रिक टन ₹206 की बचत हुई.
पहली तिमाही में कंपनी का समेकित शुद्ध लाभ ₹660 करोड़ रहा. वहीं परिचालन से कुल आय ₹9,500 करोड़ दर्ज की गई. इस दौरान ऑपरेटिंग EBITDA ₹1,589 करोड़ रहा.
प्रीमियम उत्पादों और ट्रेड सेल्स में बढ़ोतरी
अंबुजा सीमेंट्स के पूर्णकालिक निदेशक और मुख्य कार्यकारी अधिकारी विनोद बाहेती ने कहा कि कंपनी ने वित्त वर्ष की शुरुआत मजबूत रफ्तार के साथ की है. उनके मुताबिक, वैल्यू आधारित ग्रोथ, प्रीमियम उत्पादों और ट्रेड सेल्स में बढ़ोतरी से कारोबार को मजबूती मिली है.
कंपनी अपनी उत्पादन क्षमता बढ़ाने की योजना पर भी तेजी से आगे बढ़ रही है. चार नए संयंत्रों में ट्रायल प्रोडक्शन शुरू हो चुका है. बाकी दो संयंत्रों में दूसरी तिमाही के दौरान ट्रायल शुरू होने की उम्मीद है.
अंबुजा सीमेंट्स की बैलेंस शीट फिलहाल कर्जमुक्त है. कंपनी की नेटवर्थ ₹71,954 करोड़ और नकदी भंडार ₹844 करोड़ बताया गया है.
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कंपनी को उम्मीद है कि आने वाले समय में देश में बुनियादी ढांचे, शहरीकरण और आवास क्षेत्र के विस्तार से सीमेंट की मांग बढ़ेगी. हालांकि, मानसून, भू-राजनीतिक अनिश्चितता और कच्चे माल की कीमतों में उतार-चढ़ाव के कारण निकट अवधि में मांग पर कुछ दबाव रह सकता है.
-भारत एक्सप्रेस
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