Bhopal Master Plan 2047: अजय भटनागर/भोपाल: लंबी खींचतान के बाद आखिरकार मोहन यादव सरकार ने ‘भोपाल मास्टर प्लान 2047’ का प्रारूप (ड्राफ्ट) जनता के सामने रख दिया है. सरकार का दावा है कि यह योजना झील, हरियाली और बाघ भ्रमण क्षेत्रों को सुरक्षित रखते हुए शहर को संवारेगी. हालांकि, प्रारूप जारी होते ही मध्य प्रदेश का सियासी पारा चढ़ गया है. फिलहाल इस पर आम लोगों से दावे, आपत्तियां और सुझाव मांगे गए हैं, जिसके बाद ही अंतिम मास्टर प्लान लागू होगा.
पर्यावरण संरक्षण के साथ TDR का बड़ा दांव
मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने सोशल मीडिया पर इस प्लान को भोपाल के समृद्ध और सुगम भविष्य की नींव बताया है. सरकार का कहना है कि भोजताल और ग्रीन बेल्ट की जमीन मालिकों को नुकसान से बचाने के लिए हरित TDR (ट्रांसफर-ऑफ-डेवलपमेंट राइट्स) की व्यवस्था की गई है.
इससे बिल्डरों को दूसरे इलाकों में अतिरिक्त निर्माण की छूट मिलेगी और पर्यावरण भी सुरक्षित रहेगा. राज्य मंत्री कृष्णा गौर ने भी मास्टर प्लान का स्वागत करते हुए विरोध कर रहे लोगों से सकारात्मक सुझाव देने की अपील की है.
45 लाख आबादी, एआई सिटी और मेट्रो विस्तार
यह ड्राफ्ट अगले 20-22 सालों की जरूरतों को ध्यान में रखकर तैयार किया गया है. माना जा रहा है कि तब तक भोपाल की आबादी करीब 45 लाख हो जाएगी. योजना के मुख्य आकर्षण हैं:
विस्तार: भोपाल के आसपास के 254 नए गांवों को मास्टर प्लान के दायरे में लाने का प्रस्ताव.
कनेक्टिविटी: 123 किलोमीटर लंबा मेट्रो नेटवर्क, 51 किलोमीटर लंबा नया बायपास और 3 हजार हेक्टेयर का ग्रोथ कॉरिडोर.
भविष्य की तकनीक: एआई आधारित ‘EKAI सिटी’ का निर्माण और रिहायशी इलाकों से कमर्शियल गतिविधियों पर रोक.
विपक्ष का हमला
दूसरी तरफ कांग्रेस ने सरकार की नीयत पर तीखा हमला बोला है. कांग्रेस नेता कुणाल चौधरी का आरोप है कि देरी से आए इस ड्राफ्ट ने भोपाल के विकास को 20 साल पीछे धकेल दिया. उन्होंने इसे आम जनता के बजाय नेताओं और अधिकारियों के जमीनी फायदों को सही ठहराने वाला मास्टर प्लान बताया. वहीं कांग्रेस विधायक आरिफ मसूद का कहना है कि सरकार ने यह कदम केवल सुप्रीम कोर्ट की फटकार से बचने के लिए उठाया है.
अब देखना यह होगा कि जन-सुझावों के बाद इस प्लान में क्या बदलाव होते हैं और यह कागज से निकलकर धरातल पर कब उतरता है.
-भारत एक्सप्रेस
इस तरह की अन्य खबरें पढ़ने के लिए भारत एक्सप्रेस न्यूज़ ऐप डाउनलोड करें.




