सीएम योगी को अखिलेश ने दी कैसी चुनौती? (AI IMAGE)
उत्तर प्रदेश विधान सभा को कुछ महीने ही बचे है. चुनाव की तारिख के नजदीक आने के साथ-साथ सियासी पारा भी गरमाने लगा है. कुर्सी की इसी खींचतान में उत्तर प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री और समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को एक चुनौती दे दी है. सपा नेता तेज नारायण उर्फ पवन पांडे द्वारा रसूलाबाद में श्रीमद भागवत कथा समारोह का आयोजन किया है. इसी समारोह में पहुंचे अखिलेश ने कहा कि मुख्यमंत्री आगामी चुनाव में खुद अयोध्या सीट से लड़कर दिखाएं.
इस दौरान उन्होंने राज्य की सत्ता, चुनाव आयोग और सरकारी जांच एजेंसियों पर भी तीखे जुबानी तीर चलाए.
सुदर्शन चक्र का जिक्र कर किया तीखा हमला
भागवत कथा के धार्मिक मंच से बोलते हुए अखिलेश यादव ने भगवान श्रीकृष्ण के सुदर्शन चक्र का जिक्र किया और अधिकारियों व सरकार को नसीहत दी. उन्होंने कहा कि आज के सत्ताधीशों और चुनाव आयोग को भागवत कथा से प्रेरणा लेनी चाहिए.
अखिलेश ने कहा, “भगवान कृष्ण का सुदर्शन चक्र सज्जनों और धर्म की रक्षा के लिए होता है, उन्हें डराने या परेशान करने के लिए नहीं. अधिकारियों को समझना चाहिए कि ताकत का इस्तेमाल सदुपयोग के लिए होता है, दुरुपयोग के लिए नहीं. आज सरकारी एजेंसियों का इस्तेमाल जनता को डराने में किया जा रहा है.”
‘जनमत से मिलता है राज’
सपा प्रमुख ने आगे कहा कि राजपाट छल-कपट से नहीं बल्कि प्रेम और जनमत से हासिल होता है. श्रीकृष्ण ने कभी पांडवों के लिए छल का सहारा नहीं लिया, बल्कि धर्म के साथ खड़े होकर उन्हें न्याय दिलाया.
उन्होंने चुनावी वादों का पिटारा खोलते हुए कहा कि सपा सरकार बनने पर अयोध्या के स्थानीय लोगों को रोजगार दिया जाएगा और प्रदेश की महिलाओं को हर साल 40 हजार रुपये की आर्थिक मदद मिलेगी. उन्होंने कहा कि पीड़ित और वंचितों का सम्मान ही सच्चा सामाजिक न्याय है.
यह भी पढ़ें: श्रावस्ती में शटडाउन के बावजूद हाईटेंशन लाइन में आया करंट, 2 ग्रामीणों की मौत
-भारत एक्सप्रेस
इस तरह की अन्य खबरें पढ़ने के लिए भारत एक्सप्रेस न्यूज़ ऐप डाउनलोड करें.



