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Bizarre Love: प्यार के बारे में कहा जाता है कि यह दो बराबरी के लोगों का रिश्ता होता है, लेकिन ऑस्ट्रेलिया से एक ऐसी प्रेम कहानी सामने आई है जिसने दुनिया को हैरान कर दिया है. यहां एक 27 साल की लड़की अपने बॉयफ्रेंड को किसी इंसान की तरह नहीं, बल्कि एक ‘पालतू जानवर’ की तरह रखती है. ये किसी डरावने सपने जैसा लग सकता है, लेकिन ब्रिस्बेन की रहने वाली सारा बटन और उनके 38 वर्षीय बॉयफ्रेंड ब्रैडली के लिए यही उनकी हकीकत है.
सोशल मीडिया पर इन दिनों इस कपल की तस्वीरें और वीडियो खूब वायरल हो रहे हैं, जिसमें ब्रैडली गले में कुत्ते वाला कॉलर पहने नजर आते हैं और रात को बिस्तर के बजाय एक पिंजरे में सोते हैं. आइए जानते हैं कि आखिर इस रिश्ते के पीछे की असली वजह क्या है.
कुत्ते जैसा कॉलर और ‘मालकिन’ का टैटू
सारा बटन पेशे से एक मॉडल हैं और सोशल मीडिया मार्केटिंग का काम करती हैं. सारा और ब्रैडली पिछले करीब छह महीने से साथ हैं. इस रिश्ते में सारा ‘मालकिन’ की भूमिका में हैं, जबकि ब्रैडली ने खुद को पूरी तरह उनकी सेवा में समर्पित कर दिया है. ब्रैडली हर वक्त गले में एक कॉलर पहनते हैं, जिस पर सारा का नाम और फोन नंबर लिखा होता है. हद तो तब हो गई जब ब्रैडली ने अपने शरीर पर एक टैटू गुदवाया जिस पर लिखा है, ‘सारा बटन की संपत्ति’.
इतना ही नहीं, ब्रैडली 24 घंटे एक खास तरह की बेल्ट (Chastity belt) पहनते हैं, जिसकी चाबी सिर्फ सारा के पास रहती है. ब्रैडली का कहना है कि वे अपनी मर्जी से सारा की हर आज्ञा का पालन करते हैं और उनके लिए सारा का फैसला ही अंतिम होता है.
पिंजरे में नींद और घर के सारे काम
ब्रैडली के दिन की शुरुआत सारा के निर्देशों से होती है. वे घर में एक फुल-टाइम सहायक यानी नौकर की तरह काम करते हैं. वे न सिर्फ सारा के निजी काम करते हैं, बल्कि सारा की बहन, जो उसी फ्लैट में रहती है, उसके लिए भी घरेलू काम और सेवा करते हैं. इसके बदले सारा उन्हें बाकायदा सैलरी भी देती हैं.
सबसे ज्यादा चौंकाने वाली बात ये है कि रात को जब सोने का वक्त होता है, तो ब्रैडली किसी आरामदायक बिस्तर पर नहीं, बल्कि एक लोहे के पिंजरे में जाते हैं. सारा का कहना है कि ये उनकी लाइफस्टाइल का हिस्सा है और ब्रैडली को इसमें कोई दिक्कत नहीं है.
क्या है ‘कंसेंशियल पावर एक्सचेंज’?
दुनिया भर में लोग इस रिश्ते को ‘अजीब’ और ‘अमानवीय’ बताकर इसकी आलोचना कर रहे हैं. लेकिन सारा और ब्रैडली का तर्क कुछ और ही है. वे इसे ‘कंसेंशियल पावर एक्सचेंज’ (Consensual Power Exchange) कहते हैं. इसका आसान भाषा में मतलब है कि दो वयस्क अपनी आपसी सहमति से एक ऐसा रिश्ता बनाते हैं, जिसमें एक व्यक्ति दूसरे को अपनी सारी आजादी सौंप देता है.
ब्रैडली का कहना है, “मैं पिछले 10 साल से इस तरह की जीवनशैली जीना चाहता था. मुझे सारा के निर्देशों पर चलना पसंद है और इससे मुझे अपनी असली पहचान के साथ जीने का मौका मिलता है.” सारा बताती हैं कि उनके लिए यह अनुभव नया है, लेकिन वे इस रिश्ते में बहुत खुश हैं क्योंकि ब्रैडली उनकी हर छोटी-बड़ी जरूरत का ख्याल रखते हैं.
सोशल मीडिया पर छिड़ी बहस
सारा के इंस्टाग्राम और अन्य सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर करीब 2 लाख फॉलोअर्स हैं. जब वे अपने इस अनोखे रिश्ते के वीडियो शेयर करती हैं, तो कमेंट सेक्शन में बहस छिड़ जाती है. कई लोग इसे मानसिक बीमारी बताते हैं, तो कई लोग इसे ‘टॉक्सिक रिलेशनशिप’ का नाम देते हैं. हालांकि, कुछ लोग ऐसे भी हैं जो इसे व्यक्तिगत पसंद मानकर कपल का समर्थन करते हैं.
सारा का कहना है कि वे अपनी कहानी लोगों को डराने या चौंकाने के लिए नहीं, बल्कि ये बताने के लिए साझा करती हैं कि दुनिया में हर किसी की पसंद अलग हो सकती है. उनके मुताबिक, जब तक किसी रिश्ते में दोनों पार्टनर खुश हैं और एक-दूसरे की सहमति शामिल है, तब तक समाज को इसमें दखल नहीं देना चाहिए.
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-भारत एक्सप्रेस
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