Bharat Express DD Free Dish

क्या कांग्रेस ने नक्सलवाद समर्थक को बनाया उपराष्ट्रपति उम्मीदवार? अमित शाह का बी सुदर्शन रेड्डी पर सनसनीखेज खुलासा

Vice President Election: देश में पराष्ट्रपति चुनाव होने वाले हैं. इससे पहले केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह ने विपक्ष के उम्मीदवार बी सुदर्शन रेड्डी को लेकर गंभीर आरोप लगाए हैं. इससे कांग्रेस एकबार फिर से कटघर में खड़ी हो गई है.

Vice President Election Amit Shah B Sudarshan Reddy Naxalism

उपराष्ट्रपति उम्मीदवार पर अमित शाह का बड़ा आरोप

Vice President Election: उपराष्ट्रपति चुनाव में अब विचारधारा की लड़ाई छिड़ गई है? केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने विपक्षी इंडी गठबंधन के उपराष्ट्रपति पद के उम्मीदवार और सुप्रीम कोर्ट के सेवानिवृत्त न्यायाधीश बी सुदर्शन रेड्डी पर एक गंभीर आरोप लगाया है. शाह का दावा है कि जस्टिस रेड्डी ने अपने एक फैसले के जरिए नक्सलवाद का समर्थन किया था. उन्होंने ‘सलवा जुडूम’ से जुड़े जस्टिस रेड्डी के 2011 के फैसले को लेकर सवाल उठाए हैं, जिसमें उन्होंने छत्तीसगढ़ में आदिवासी युवकों को पुलिस अधिकारी बनाने को अवैध करार दिया था.

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह एक कार्यक्रम में हिस्सा लेने के लिए कोच्ची पहुंचे हुए थे. इस दौरान उन्होंने केरल के लेफ्ट सरकार पर हमला बोला. इसके साथ ही कांग्रेस, परिवारवाद पर निशाना साधते हुए उपराष्ट्रपति पद के उम्मीदवार बी सुदर्शन रेड्डी को लेकर गंभीर सवाल खड़े किए हैं.

अमित शाह ने लगाए आरोप

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने शुक्रवार को आरोप लगाया कि INDI ब्लॉक के उपराष्ट्रपति पद के उम्मीदवार और सेवानिवृत्त सुप्रीम कोर्ट के न्यायाधीश बी सुदर्शन रेड्डी ने अपने न्यायिक निर्णयों के माध्यम से नक्सलवाद का समर्थन किया है. अमित शाह ने न्यायमूर्ति रेड्डी के 2011 के सलवा जुडुम निर्णय का उल्लेख किया, जिसमें छत्तीसगढ़ में राज्य-प्रायोजित विशेष पुलिस अधिकारियों के रूप में युवा आदिवासी पुरुषों को हथियार देने को “गैरकानूनी” और “असंवैधानिक” घोषित किया गया था.

ये भी पढ़ें: केरल में बढ़ रही है बीजेपी की ताकत! अमित शाह ने कहा- केरल की जनता बदलाव चाहती है

क्या था सलवा जुडुम निर्णय?

सलवा जुडुम निर्णय में न्यायमूर्ति रेड्डी ने निर्देश दिया था कि ऐसे मिलिशिया को भंग कर दिया जाए और राज्य को विद्रोह के मूल कारणों को संबोधित करने के लिए कानूनी शासन के माध्यम से काम करना चाहिए, न कि vigilant समूहों के माध्यम से. अमित शाह ने आरोप लगाया कि इस निर्णय ने अप्रत्यक्ष रूप से माओवादी उग्रवादियों को मजबूत किया और आतंकवाद का मुकाबला करने की राज्य की क्षमता को सीमित कर दिया.

अमित शाह के आरोप

अमित शाह ने कहा कि सुदर्शन रेड्डी वह व्यक्ति हैं जिन्होंने नक्सलवाद की मदद की. उन्होंने सलवा जुडुम का निर्णय दिया. अगर वह निर्णय नहीं दिया गया होता तो नक्सल आतंकवाद 2020 तक समाप्त हो गया होता. उन्होंने आगे दावा किया कि कांग्रेस ने अपने वामपंथी सहयोगियों के दबाव में एक उम्मीदवार को नामित किया है जो नक्सलवाद का समर्थन करता है और सुप्रीम कोर्ट जैसे मंच का उपयोग करता है.

ये भी पढ़ें: ट्रंप को मिर्ची लगने वाली है! पहले जापान, फिर चीन जाएंगे पीएम मोदी; क्या है दौरे का मकसद?

केरल में विधानसभा चुनाव

अमित शाह ने यह भी कहा कि केरल जो अगले साल विधानसभा चुनाव का सामना करेगा, वामपंथी उग्रवादी गतिविधियों से पीड़ित है और मतदाताओं से विपक्ष की पसंद के निहितार्थ को पहचानने का आग्रह किया. उपराष्ट्रपति चुनाव 9 सितंबर को निर्धारित है जहां न्यायमूर्ति रेड्डी का मुकाबला BJP के उम्मीदवार और महाराष्ट्र के राज्यपाल सीपी राधाकृष्णन से होगा.



इस तरह की अन्य खबरें पढ़ने के लिए भारत एक्सप्रेस न्यूज़ ऐप डाउनलोड करें.

Also Read