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JIIT नोएडा में शुरू हुआ ICABB-2026, छात्रों ने नृत्य और संगीत से बांधा समा

JIIT नोएडा में 9वां अंतरराष्ट्रीय जैव विज्ञान और जैव प्रौद्योगिकी सम्मेलन ICABB 2026 शुरू हुआ. उद्घाटन सत्र में वैज्ञानिकों ने नवाचार पर जोर दिया और छात्रों ने नृत्य व संगीत से भारतीय संस्कृति की झलक पेश की.

बुधवार को जेपी इंस्टीट्यूट ऑफ इंफॉर्मेशन टेक्नोलॉजी, नोएडा में तीन दिवसीय 9वें अंतरराष्ट्रीय जैव विज्ञान और जैव प्रौद्योगिकी सम्मेलन ICABB 2026 की शुरुआत हुई. इस आयोजन में देश-विदेश से आए वैज्ञानिकों और शोधकर्ताओं ने छात्रों के साथ अपने अनुभव साझा किए. वहीं छात्रों ने भी भारतीय संस्कृति की झलक नृत्य और संगीत प्रस्तुतियों के जरिए दिखाई.

सांस्कृतिक प्रस्तुतियां

कार्यक्रम के दौरान छात्रों ने राजस्थानी लोक नृत्य, भारतनाट्यम शैली में महिषासुरमर्दिनी और गणेश उत्सव की झलक पेश की. इन प्रस्तुतियों ने दर्शकों को मंत्रमुग्ध कर दिया. इसके अलावा क्रेसांडो बैंड ने अपनी धुनों से अलग माहौल बनाया, भांगड़े ने सबको झूमने पर मजबूर कर दिया और सूफियाना संगीत ने श्रोताओं को आत्ममुग्ध कर दिया.

उद्घाटन समारोह

सम्मेलन का उद्घाटन नीति आयोग के सदस्य और प्रसिद्ध वैज्ञानिक डॉ. विजय कुमार सरस्वत ने किया. उन्होंने विज्ञान और तकनीक में नवाचार की अहमियत पर प्रकाश डाला. विशेष अतिथि के रूप में गौतम बुद्ध विश्वविद्यालय, ग्रेटर नोएडा के कुलपति प्रो. राणा प्रताप सिंह मौजूद रहे, जो कैंसर अनुसंधान के क्षेत्र में जाने-माने विशेषज्ञ हैं.

सम्मेलन का उद्देश्य

विभागाध्यक्ष प्रो. पम्मी गौबा ने मेहमानों का स्वागत करते हुए कहा कि इस सम्मेलन का मकसद उच्चस्तरीय शोध और नवाचार को बढ़ावा देना है. आयोजन का संचालन डॉ. मनीषा सिंह और डॉ. निवेदिता मिश्रा कर रही हैं. उनका कहना है कि यह मंच शोधकर्ताओं को विभिन्न क्षेत्रों में नए विचार साझा करने और सहयोग के अवसर तलाशने का मौका देगा.

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तकनीकी चर्चाएं

तीन दिन तक चलने वाले इस सम्मेलन में कई अहम विषयों पर चर्चा होगी. इनमें बायोमेडिकल और हेल्थ इनोवेशन, पर्यावरणीय बायोटेक्नोलॉजी और टिकाऊ कृषि, नैनोबायोटेक्नोलॉजी, थेराग्नोस्टिक तकनीक, मल्टी-ओमिक्स अप्रोच और बायोटेक्नोलॉजी में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस शामिल हैं. साथ ही आयुष आधारित बायोमेडिकल इनोवेशन और पारंपरिक भारतीय चिकित्सा पद्धतियों को आधुनिक शोध से जोड़ने पर भी विशेष सत्र होंगे.

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-भारत एक्सप्रेस



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