राजधानी दिल्ली के भारत मंडपम में आयोजित ब्रिक्स बिजनेस फोरम के लीडर्स सेशन में ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियन ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और भारत सरकार की जमकर तारीफ की. उन्होंने कहा कि संगठन को एकजुट और मजबूत बनाने में पीएम मोदी के प्रयास बेहद सराहनीय हैं.
पेजेश्कियन ने अपने संबोधन में कहा कि वर्तमान समय में पूरी दुनिया बेहद जटिल भू-राजनीतिक दौर से गुजर रही है. ऐसे समय में ब्रिक्स देशों को केवल बातों या संभावनाओं तक सीमित न रहकर ठोस आर्थिक सहयोग की दिशा में कदम बढ़ाना होगा.
भारत की आतिथ्य परंपरा का जताया आभार
ईरानी राष्ट्रपति ने मेजबानी के लिए भारत सरकार और यहां के लोगों का दिल से धन्यवाद किया. उन्होंने बिजनेस फोरम में पहुंचे उद्योगपतियों, निजी क्षेत्र के दिग्गजों और उद्यमियों का जिक्र करते हुए कहा कि ब्रिक्स के विचारों और रणनीतियों को जमीन पर उतारने का असली काम यही लोग करते हैं.
उन्होंने जोर देकर कहा कि वैश्विक सप्लाई चेन में आ रही रुकावटों और राजनीतिक दबाव बनाने के लिए इस्तेमाल किए जा रहे आर्थिक हथियारों का मुकाबला ब्रिक्स एकजुट होकर ही कर सकता है.
लोकल करेंसी में व्यापार पर जोर
राष्ट्रपति पेजेश्कियन ने ब्रिक्स सदस्य देशों के बीच व्यापार में डॉलर के बजाय अपनी-अपनी राष्ट्रीय मुद्राओं के उपयोग को बढ़ावा देने की वकालत की.
उन्होंने कहा कि आपसी व्यापार के लिए जोखिम रहित और पारदर्शी पेमेंट सिस्टम विकसित किया जाना चाहिए. साथ ही ब्रिक्स के ‘न्यू डेवलपमेंट बैंक’ को बुनियादी ढांचा और ऊर्जा परियोजनाओं के वित्तपोषण का मुख्य जरिया बनाया जाए. बैंक को स्थानीय करेंसी में क्रेडिट लाइन और गारंटी मैकेनिज्म तैयार करना चाहिए, ताकि निजी पूंजी को आकर्षित किया जा सके.
ईरानी राष्ट्रपति के मुताबिक, दुनिया की मौजूदा वित्तीय व्यवस्था कुछ सीमित मुद्राओं पर निर्भर होने की वजह से वैश्विक झटकों के प्रति बेहद संवेदनशील है, जिसे बदलना अब वक्त की मांग है.
यह भी पढ़ें: पीएम मोदी के जन्मदिन पर सेवा संकल्प कार्यक्रम, CM मोहन यादव ने गिनाईं सरकार की उपलब्धियां
-भारत एक्सप्रेस
इस तरह की अन्य खबरें पढ़ने के लिए भारत एक्सप्रेस न्यूज़ ऐप डाउनलोड करें.



