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Noida: 90 प्राइवेट स्कूलों पर DM ने लगाया 1-1 लाख रु का जुर्माना, कोरोना काल में वसूली थी मनमानी फीस

Noida: आदेश के बाद भी जिन स्कूलों ने अभिभावकों को 15 प्रतिशत पैसा वापस नहीं किया था उसमें से 90 निजी स्कूलों पर एक-एक लाख का जुर्माना लगाया गया है.

noida schools

क्लास में पढ़ रहे बच्चे

Noida Schools: नोएडा प्रशासन ने प्राइवेट स्कूलों के खिलाफ बड़ा एक्शन लिया है. इलाहाबाद हाईकोर्ट के आदेश के बावजूद फीस वापस नहीं करने पर डीएम मनीष कुमार ने 90 स्कूलों पर 1-1 लाख रुपए का जुर्माना लगा दिया है. डीएम मनीष कुमार ने कहा कि स्कूलों के पास 30 दिन का समय है, अगर अभिभावकों को फीस वापस नहीं की गई, तो जुर्माना 5-5 लाख रुपए कर दिया जाएगा. ये पूरा मामला कोरोना कॉल में सत्र 2021-22 में ली गई फीस से जुड़ा है.

इलाहाबाद हाईकोर्ट ने आदेश दिया था कि सभी स्कूल कोरोना काल सत्र 2021-22 में ली गई फीस का 15 प्रतिशत अभिभावकों को वापस करेंगे. लेकिन हाई कोर्ट के इस आदेश के बाद भी स्कूल प्रबंधन द्वारा पालन नहीं किया जा रहा था. कुछ स्कूलों ने जवाब में कहा है कि कोरोना काल में उन्होंने अभिभावकों को स्वयं अपनी तरफ से 20 से 30 प्रतिशत की छूट दी थी, ऐसे में उस छूट को न्यायालय के आदेश में शामिल किया जाए. इस संबंध में जिलाधिकारी ने शासन को पत्र लिखकर जानकारी मांगी.

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कई नामचीन स्कूल शामिल

अब ये मामला डीएम के एक आदेश के बाद गरमा गया है. इसमें आदेश के बाद भी जिन स्कूलों ने अभिभावकों को 15 प्रतिशत पैसा वापस नहीं किया था उसमें से 90 निजी स्कूलों पर एक-एक लाख का जुर्माना लगाया गया है. जिन स्कूलों पर जुर्माना लगाया गया है उनमें जिले के कुछ नामचीन स्कूल भी शामिल हैं. जिन बड़े स्कूलों पर जुर्माना लगा है उनमें फादर एंगल, रयान पब्लिक स्कूल, जी डी गोनेका, लोटस स्कूल, शिव नादर स्कूल और रामाज्ञा स्कूल भी शामिल हैं. जिलाधिकारी ने आदेश में कहा कि स्कूलों को हाईकोर्ट के आदेश का पालन करना चाहिए.

स्कूलों के खिलाफ अभिभावकों ने खटखटाया था हाईकोर्ट का दरवाजा

कोरोना महामारी के दौरान स्कूलों ने पूरी फीस वसूली थी जिसके खिलाफ अभिभावकों ने हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया था. इस मामले पर सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट ने स्कूलों को 15 फीसदी फीस लौटाने का आदेश दिया था. कोर्ट ने माना था कि स्कूल केवल टीचिंग फीस के अलावा अन्य कोई फीस मांगने के हकदार नहीं थे.

-भारत एक्सप्रेस



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