Bihar Government Engineer EOU Raid: बिहार में भ्रष्टाचार के खिलाफ चल रही मुहिम में आर्थिक अपराध इकाई (EOU) के हाथ एक बहुत बड़ी ‘मछली’ लगी है. पटना के भवन निर्माण विभाग (अंचल-1) में तैनात सुपरिटेंडेंट इंजीनियर पवन कुमार के ठिकानों पर बुधवार को ईओयू की टीमों ने एक साथ धावा बोल दिया. पटना, भागलपुर, दिल्ली और नोएडा में चल रही इस छापेमारी में इंजीनियर साहब की जो अकूत काली कमाई सामने आई है, उसे देखकर खुद अधिकारी भी दंग हैं. नौकरी के दौरान उन्होंने दिल्ली-एनसीआर से लेकर बिहार तक जमीनों और फ्लैटों का अंबार खड़ा कर दिया है.
पटना में 3 करोड़ का फ्लैट, जूलरी और कैश की बरसात
ईओयू की टीम जब पटना के पॉश इलाके कृष्णापुरी स्थित यमुना अपार्टमेंट के फ्लैट नंबर 305/B में दाखिल हुई, तो वहां का नजारा किसी रसूखदार बिजनेसमैन जैसा था. इस 3BHK फ्लैट की कीमत ही करीब 3 करोड़ रुपये से ज्यादा है, जहां इंजीनियर साहब 1990 से रह रहे हैं. तलाशी के दौरान घर से 5.15 लाख रुपये कैश, 39 लाख रुपये के सोने-चांदी के गहने, 18 अलग-अलग बैंकों के खाते, 90 लाख रुपये का पीपीएफ (PPF) और एलआईसी व मैक्स लाइफ की कई महंगी पॉलिसियां बरामद हुई हैं, जिनका सालाना प्रीमियम ही लाखों में है.
पत्नी और बच्चों के नाम 13 प्रॉपर्टी
कागजातों को खंगालने पर पता चला कि इंजीनियर पवन कुमार ने अपनी पत्नी आवेदिका सिंह और दोनों बेटों के नाम पर प्रॉपर्टी का पूरा साम्राज्य खड़ा कर रखा है. दिल्ली-एनसीआर के नोएडा सेक्टर-75 (गैक्सबिल सोसाइटी) और ग्रेटर नोएडा (अरिहंत आर्डन सोसाइटी) में उनके आलीशान फ्लैट और फॉर्म हाउस हैं. इसके अलावा दिल्ली के द्वारका सेक्टर-10 में भी एक फ्लैट मिला है.
अधिकारियों के मुताबिक, साल 2021 से 2023 के बीच उन्होंने अपने परिवार के नाम पर करीब 135 डिसमिल कमर्शियल जमीन खरीदी. पटना के आशियाना नगर में भी उनका एक दो मंजिला मकान है. कुल मिलाकर अब तक 13 प्लॉट और मकानों के पुख्ता दस्तावेज मिल चुके हैं. फिलहाल इंजीनियर के ठिकानों पर तलाशी अभियान अभी भी जारी है और कई अन्य बेनामी संपत्तियों के खुलासे की उम्मीद है.
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-भारत एक्सप्रेस
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