Bharat Express DD Free Dish
Kanya Sumangla Mission Shakti Digital
Kanya Sumangla Mission Shakti Digital

संदेशखाली जा रहे शुभेंदु अधिकारी को पुलिस ने पहले रोका फिर जाने दिया, कोर्ट ने समर्थकों को साथ ले जाने से मना किया

Sandesh Khali Violence Subhendu Adhikari: संदेश खाली हिंसा मामले में नेता प्रतिपक्ष शुभेंदु अधिकारी आज पीड़ित महिलाओं से मिलने जा रहे थे. लेकिन पुलिस ने उनको बीच में ही रोक लिया.

Sandesh Khali Violence Subhendu Adhikari

धरने पर बैठे नेता प्रतिपक्ष शुभेंदु अधिकारी.

Sandesh Khali Violence Subhendu Adhikari: पश्चिम बंगाल के उत्तर 24 परगना जिले के संदेशखाली कस्बे में महिलाओं से यौन उत्पीड़न मामले में घमासान थमने का नाम नहीं ले रहा है. मंगलवार को हिंसा प्रभावित संदेशखाली जा रहे नेता प्रतिपक्ष शुभेंदु अधिकारी और अन्य भाजपा विधायकों को पुलिस ने धमखाली में रोक लिया. इससे पहले शुभेंदु अधिकारी को सोमवार को कलकत्ता हाईकोर्ट ने संदेशखाली जाने की इजाजत दी थी. कोर्ट ने कुछ शर्तों के साथ अधिकारी को संदेशखाली जाने की इजाजत दी थी. फिलहाल पुलिस ने इलाके में धारा 144 लगा दी है.

जानकारी के अनुसार पुलिस के धमखाली में रोके जाने के बाद अधिकारी, भाजपा विधायक और कम्यूनिस्ट पार्टी के नेता यहीं धरने पर बैठ गए. उन्होंने कहा कि पुलिस ने कलकत्ता हाईकोर्ट के फैसले का उल्लंघन किया है. राज्य सरकार ने इस फैसले के खिलाफ कलकत्ता हाईकोर्ट की डिवीजन बैंच में याचिका दाखिल की है. उन्होंने कहा कि मैं यहीं बैठकर धरना दूंगा और फिर कोर्ट का रुख करूंगा.

इस बीच प्रशासन ने शुभेंदु अधिकारी और भाजपा विधायक शंकर घोष को संदेशखाली जाने की इजाजत दी है. ऐसे में दोनों नेता कड़ी सुरक्षा के बीच नाव से संदेशखाली के लिए रवाना हो गए हैं. राज्य सरकार की डिवीजन बैंच में याचिका के बाद कोर्ट ने आदेश दिया कि वे जा सकते हैं कि लेकिन सीआरपीसी की धारा 144 के कारण वे किसी भी पार्टी या समर्थक को अपने साथ नहीं ले जा सकते हैं.

कई कीड़े निकलकर बाहर आ जाएंगे

उधर सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार को संदेशखाली मामले में सुनवाई की. याचिका में कहा गया था कि संदेशखाली हिंसा मामले की जांच राज्य की बाहर की एजेंसियों यानी सीबीआई और एसआईटी से कराई जाए. वहीं कोर्ट ने कहा कि कलकत्ता हाईकोर्ट ने मामले में स्वतः संज्ञान लिया था इसलिए फैसला भी कलकत्ता हाईकोर्ट ही करेगा.

शुभेंदु अधिकारी केे साथ ही धरने पर बैठे अग्निमित्रा पाॅल ने कहा कि ममता बहुत कुछ छिपाना चाहती हैं. उन्होंने कहा कि अगर आज हम संदेशखाली गए तो कई कीड़े निकलकर बाहर आ जाएंगे. इसलिए वहां जाने से रोका जा रहा है. हमारे नेता के पास वहां जाने के लिए कोर्ट से अनुमति है फिर भी उन्हें वहां नहीं जाने दिया जा रहा है.



इस तरह की अन्य खबरें पढ़ने के लिए भारत एक्सप्रेस न्यूज़ ऐप डाउनलोड करें.

Also Read


Kanya Sumangla Mission Shakti Digital

Latest