रिपोर्ट-हिमांशु
अगर आप भी आने वाले दिनों में कहीं बाहर जाने के लिए ट्रेन टिकट बुक करने की सोच रहे हैं, तो यह खबर आपके लिए है. रेलवे ने गुरुवार को ट्रेन के किरायों में बढ़ाने का ऐलान कर दिया है, जिसकी नोटिफिकेशन (Notification) भी जारी हो चुकी है. यह नई दरें आज (शुक्रवार) से पूरे देश में लागू हो गई हैं. रेलवे के इस फैसले का सीधा असर उन करोड़ों यात्रियों पर पड़ेगा जो हर दिन लंबी दूरी का सफर तय करते हैं.
हालांकि, रेलवे ने इस बढ़ोतरी को बहुत ही मामूली रखा है. लंबी दूरी की यात्रा करने वालों के बजट पर इसका थोड़ा असर पड़ेगा, लेकिन छोटे सफर के लिए राहत बरकरार रखी गई है.
किसके लिए नहीं बढ़ेगा किराया?
आम आदमी के लिए सबसे बड़ी राहत की बात यह है कि रेलवे ने छोटी दूरी के लोगों को इस बोझ से दूर रखा है. मंत्रालय के मुताबिक, अगर आप 215 किलोमीटर तक का सफर कर रहे हैं, तो आपको एक भी पैसा एक्स्ट्रा नहीं देना होगा. यानी लोकल या पास के शहरों के बीच चलने वाले यात्रियों के लिए किराया पहले जैसा ही रहेगा.
कितना खाली होगा आपका पॉकेट?
रेलवे ने क्लास के हिसाब से बढ़ोतरी तय की है. अगर आप मेल या एक्सप्रेस ट्रेनों के स्लीपर क्लास में सफर करते हैं, तो आपको महज 1 पैसा प्रति किलोमीटर अधिक देना होगा. वहीं, अगर आप एसी क्लास (AC Class) की लग्जरी में सफर करना पसंद करते हैं, तो किराया 2 पैसे प्रति किलोमीटर के हिसाब से बढ़ाया गया है.
अगर आप स्लीपर क्लास में 500 किलोमीटर की यात्रा करते हैं, तो आपकी जेब से कुल मिलाकर सिर्फ 5 से 10 रुपये ज्यादा खर्च होंगे.
क्या कहती है जनता?
इस बढ़ते किराए को लेकर ‘भारत एक्सप्रेस’ के संवाददाता ने रेलवे स्टेशन पर मौजूद मुसाफिरों से बात की. बातचीत के दौरान मिला-जुला असर देखने को मिला. कुछ लोगों का कहना था कि रेलवे की सुविधाओं में सुधार हो रहा है, इसलिए 10-20 रुपये की बढ़ोत्तरी ज्यादा नहीं खलती. वहीं, कुछ मध्यमवर्गीय परिवारों का मानना है कि महंगाई के इस दौर में हर एक रुपये की कीमत होती है, खासकर उन लोगों के लिए जो परिवार के साथ लंबी दूरी तय करते हैं.
क्यों बढ़ाया गया किराया?
रेलवे के जानकारों का कहना है कि इन्फ्रास्ट्रक्चर को बेहतर बनाने और ट्रेनों की रफ्तार बढ़ाने के लिए फंड की जरूरत होती है. इसी को ध्यान में रखते हुए मंत्रालय ने एक संतुलित फैसला लिया है ताकि यात्रियों पर अचानक बहुत बड़ा बोझ भी न पड़े और रेलवे के राजस्व में भी सुधार हो.
-भारत एक्सप्रेस
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