बीकानेर हाउस कुर्की मामला
दिल्ली हाईकोर्ट ने बीकानेर हाउस की कुर्की से संबंधित मुकदमे में वाणिज्यिक अदालत के आदेश के खिलाफ राजस्थान की नोखा नगर पालिका की अपील को खारिज कर दिया. यह मामला मेसर्स एनवायरो इंफ्रा इंजीनियर्स प्राइवेट लिमिटेड कंपनी के पक्ष में पारित मध्यस्थता राशि के निष्पादन से संबंधित है. निचली अदालत ने बीकानेर हाउस की कुर्की का वारंट जारी किया था. वहां इस मामले की सुनवाई 1 फरवरी को होनी है. मुख्य न्यायाधीश देवेंद्र कुमार उपाध्याय एवं न्यायमूर्ति तुषार राव गेडेला की पीठ ने अदालतीय आदेश के खिलाफ अपीलीय फोरम में जाने में देरी के आधार पर अपील को खारिज कर दिया.
इस मामले में कंपनी को एसटीपी के डिजायन, निर्माण व रखरखाव आदि के लिए जारी टेंडर को लेकर राशि का भुगतान नहीं किया था. मध्यस्थता के तहत नोखा नगर पालिका को कंपनी को 21 जनवरी 2020 तक 50,31,512 रु पए का भुगतान करना था. भुगतान नहीं किए जाने की दशा में कंपनी ने मध्यस्था राशि के भुगतान को लेकर याचिका दाखिल की थी. राशि के भुगतान नहीं होने पर अदालत ने बीकानेर हाउस के कुर्की का आदेश दिया था. उसे ही हाईकोर्ट में चुनौती दी गई थी.
ये भी पढ़ें: राऊज एवेन्यु कोर्ट ने पूर्व सीएम केजरीवाल, सिसोदिया और दुर्गेश पाठक को पेशी से दी छूट
-भारत एक्सप्रेस
इस तरह की अन्य खबरें पढ़ने के लिए भारत एक्सप्रेस न्यूज़ ऐप डाउनलोड करें.




