लीगल

‘डॉक्टर लिखने का हक नहीं…’ सुप्रीम कोर्ट की कड़ी चेतावनी के बाद दो प्राइवेट अस्पताल पीड़ित परिवार को देंगे मुआवजा

गाजियाबाद में चार साल की बच्ची से रेप और हत्या के मामले में सुप्रीम कोर्ट की सख्ती के बाद गाजियाबाद के दो प्राइवेट अस्पतालों ने पीड़ित परिवार को मुआवजा देने के लिए राजी हो गया है. सीजेआई सूर्यकांत, जस्टिस जॉयमाल्या बागची और वी. मोहना की बेंच ने सख्ती दिखाई थी.

मामले की सुनवाई के दौरान गाजियाबाद का सेंट जोसेफ मरियम अस्पताल ने कोर्ट को बताया कि पीड़ित परिवार को 10 लाख रुपए मुआवजा देगा. जबकि दूसरा अस्पताल ने भी 2 लाख रुपए मुआवजा देने पर राजी हो गया है. यह रकम चार हफ्ते के अंदर डिमांड ड्राफ्ट के जरिए दी जाएगी. पिछली सुनवाई में सीजेआई ने टिप्पणी करते हुए कहा था अगर आप अपनी डियूटी नहीं निभाते हैं, तो आपको अपने नाम के साथ ‘डॉक्टर’ लिखने का कोई हक नही है. कोर्ट ने कहा था कि अगर आपमें थोड़ी भी संवेदनशीलता होती तो सुविधा न होने पर भी आप उस बच्ची को दूसरे अस्पताल में ले जाते. क्या आपने इसलिए उसे नजर अंदाज किया वह गरीब थी? क्या वह आपकी फीस नही दे सकती थी?

सुप्रीम कोर्ट ने अस्पतालों की लापरवाही पर जताई नाराजगी

सुप्रीम कोर्ट ने अस्पतालों से कहा था कि वे पीड़ित परिवार की मदद के लिए अपनी मर्जी से दान दें, वरना उसपर जुर्माना लगाया जाएगा. इससे पहले कोर्ट ने उत्तर प्रदेश के डीजीपी को एसआईटी का गठन करने का आदेश दिया था. कोर्ट ने कहा था एसआईटी में उत्तर प्रदेश कैडर की सीपी/आईजीआई रैंक की एक महिला पुलिस अधिकारी शामिल हो, जिसका राज्य से कोई संबंध न हो, एसपी रैंक का एक अधिकारी, एक महिला डीएसपी या पुलिस इंस्पेक्टर हों. पिछली सुनवाई में सीजेआई सूर्यकांत ने टिप्पणी करते हुए कहा था कि आरोपित अपराध का सबसे चौंकाने वाला पहलू यह है कि यह दो कथित निजी अस्पतालों और स्थानीय पुलिस के पूरी तरह उदासीन और असंवेदनशील रवैये को दर्शाता है.

मामले की सुनवाई के दौरान याचिकाकर्ता की ओर से पेश वरिष्ठ वकील हरिहरन ने कोर्ट को बताया था कि पुलिस लगातार पीड़िता के पिता को प्रताड़ित कर रही है. उन्होंने कहा था कि घटना के एक दिन बाद एफआईआर दर्ज किया गया है. उन्होंने कहा था कि मामले में पुलिस की लापरवाही सामने आई है.

पुलिस के मुताबिक इस मामले में गौरव प्रजापति नामक व्यक्ति को गिरफ्तार किया है. क्योंकि परिजनों ने उसपर शक जताया था. अभी तक के जांच में पता चला है कि दरिंदे ने बच्ची के शरीर पर कनपटी, कमर और कई जगह चोट पहुचाई है. बच्ची को काटा गया है. यहां तक कि बच्ची के प्राइवेट पार्ट से भी अधिक ब्लीडिंग हुई है. बच्ची शाम 6 बजे घर से खेलते हुए लापता हो गई थी.

यह भी पढ़ें: डाबर के ‘100% शुद्ध’ वाले दावों पर FSSAI के बैन का क्या हुआ? दिल्ली हाईकोर्ट ने कंपनी को दी बड़ी राहत

भारत एक्सप्रेस

गोपाल कृष्ण

Recent Posts

Explainer: नेपाल में कुत्ते से दरिंदगी पर चर्चा में ब्राजील का ‘सैसॉं कानून’, क्या भारत में संभव है सख्त सजा?

Animal Cruelty Legal Explainer: नेपाल में कुत्ते को नदी में फेंकने के वायरल वीडियो के…

29 minutes ago

लालबागचा राजा पहुंचे रणवीर सिंह ने 1000 लड़कियों की पढ़ाई का उठाया जिम्मा, रणबीर-आलिया भी आए साथ

Ranveer Singh Lalbaugcha Raja Seva Sankalp: गणेश उत्सव के दौरान मुंबई के लालबागचा राजा पहुंचे…

37 minutes ago

जगतार सिंह जोहल को दिल्ली हाई कोर्ट से बड़ी राहत, UAPA मामलों में मिली जमानत

UAPA Case: हत्या और यूएपीए के मामले में आरोपी जगतार सिंह जोहल को दिल्ली हाई…

1 hour ago

चाय की दुकान पर लगा ली फांसी…’ निठारी कांड के आरोपी सुरेंद्र कोली ने की खुदकुशी

देशभर में चर्चित रहे 2006 के निठारी कांड के आरोपी सुरेंद्र कोली ने उत्तराखंड के…

1 hour ago

प्यार न करने की मिली खौफनाक सजा! बेंगलुरु में युवती की सरेआम चाकू मारकर हत्या, झकझोर देगा VIDEO

बेंगलुरु में एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है जहां 21 वर्षीय कानून…

1 hour ago