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ओडिशा में नए DGP की रेस में फंसा पेंच: सुप्रीम कोर्ट ने नियुक्ति बैठक टाली, जानिए क्या है पूरा विवाद

ओडिशा में डीजीपी की नियुक्ति को लेकर उठे विवाद पर सुप्रीम कोर्ट अगले हफ्ते सुनवाई करेगा. राज्य सरकार पर सुप्रीम कोर्ट के नियमों को दरकिनार कर पसंदीदा अधिकारियों को पैनल में शामिल करने का आरोप है.

सुप्रीम कोर्ट ने दारा सिंह की रिहाई याचिका मामले में सुनवाई 3 सप्ताह के लिए टाली.

सुप्रीम कोर्ट ने दारा सिंह की रिहाई याचिका मामले में सुनवाई 3 सप्ताह के लिए टाली. (PC: भारत एक्सप्रेस)

Edited by Vaibhav Gupta

सुप्रीम कोर्ट ओडिशा में डीजीपी नियुक्ति को लेकर दायर याचिका पर अगले सप्ताह सुनवाई करेगा. मामले की सुनवाई के दौरान ओडिशा सरकार ने जवाब दाखिल करने के लिए कोर्ट से समय मांगा, जिसे कोर्ट ने दे दिया. सीजेआई सूर्यकांत, जस्टिस जॉयमाल्या बागची और जस्टिस वी. मोहना की बेंच सुनवाई कर रही है.

क्या है आरोप?

दायर याचिका में आरोप लगाया गया है कि ओडिशा सरकार सुप्रीम कोर्ट के पुराने फैसले को दरकिनार करने की कोशिश कर रही है और डीजीपी पद के लिए अपात्र अधिकारियों को चयन पैनल में शामिल करने का प्रयास कर रही है.

पिछली सुनवाई में कोर्ट ने यूपीएससी (UPSC) को ओडिशा के डीजीपी के सेलेक्शन को 18 अगस्त तक फाइनल न करने का निर्देश दिया था.

सुनवाई से पहले अधिकारी को प्रमोशन क्यो?

याचिकाकर्ता की ओर से पेश वरिष्ठ वकील पी चिदंबरम ने आरोप लगाया था कि सुप्रीम कोर्ट की सुनवाई से पहले ही एक अधिकारी को प्रमोशन दिया गया, ताकि उसे यूपीएससी को भेजे जाने वाले पैनल में शामिल किया जा सके.

वहीं, ओडिशा सरकार की ओर से पेश एडवोकेट जनरल पीतांबर आचार्य ने नियमों के किसी भी उल्लंघन से इनकार कर दिया था और सर्विस से जुड़े विवाद में जनहित याचिका की स्वीकार्यता पर सवाल उठाया था. कोर्ट ने भी इसकी स्वीकार्यता पर संदेह जताया है.

कोर्ट ने नियुक्ति की मीटिंग टाली

बाद में कोर्ट ने प्रकाश सिंह बादल मामले में नियुक्त एमिकस क्यूरी राजू रामचंद्रन से राय व्यक्त करने को कहा था. इसपर एमिकस क्यूरी ने दायर याचिका का समर्थन करते हुए कहा था कि सेलेक्शन प्रोसेस प्रकाश सिंह मामले की गाइडलाइंस का उल्लंघन करते हुए किया जा रहा है, जिसके बाद कोर्ट ने नियुक्ति के लिए हो रही मीटिंग को टालने का निर्देश दिया था.

चिदंबरम ने राज्य सरकार पर लगाया आरोप

चिदंबरम ने आरोप लगाया था कि राज्य ने संघ लोक सेवा आयोग को भेजे गए अधिकारियों के पैनल को वापस ले लिया है और अब एक नई सूची तैयार कर रहा है. चिदंबरम ने आरोप लगाया था कि ओडिशा सरकार ने डीजीपी चयन के लिए पहले यूपीएससी को अधिकारियों की सूची भेजी थी.

यूपीएससी की एम्पैनलमेंट कमेटी को सात अगस्त को इस सूची में से तीन अधिकारियों का पैनल तैयार करना था. लेकिन राज्य सरकार ने सूची वापस ले ली. इसके बाद नए पैनल की कवायद शुरू हुई.

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-भारत एक्सप्रेस



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