Bharat Express DD Free Dish

‘अतिगण्ड योग’ का साया, शाम को शिव साधना का महा-संयोग; नोट करें आज का राहुकाल और शुभ मुहूर्त

Aaj Ka Panchang 12 June 2026: दोपहर का ‘अभिजीत मुहूर्त’ जहां आपके कार्यों को सफल बना सकता है, वहीं दिन का ‘अतिगण्ड योग’ और ‘राहुकाल’ हर काम में बाधा डालने की ताक में बैठे हैं. ऐसे में शाम को शिव पूजा के सटीक समय और राहुकाल की जानकारी के लिए पढ़ें आज का पंचांग.

Aaj Ka Panchang 12 June 2026 Today Hindu Calendar Shukrawar Today Astrology Prediction Shukra Pradosh Vrat Shubh Muhurat Rahu Kaal Panchang Timings

AI IMAGE

Aaj Ka Panchang 12 June 2026: आज 12 जून 2026, दिन शुक्रवार है. हिंदू वैदिक पंचांग के अनुसार, आज विक्रम संवत 2083 के अंतर्गत ज्येष्ठ (अधिक) मास के कृष्ण पक्ष की द्वादशी तिथि है, जो शाम 07 बजकर 36 मिनट तक रहेगी. इसके बाद त्रयोदशी तिथि का आरंभ हो जाएगा. शुक्रवार का पावन दिन धन की देवी मां लक्ष्मी और प्रदोष व्रत होने के कारण देवाधिदेव महादेव को समर्पित है. आज के दिन सूर्यास्त के बाद शिव जी की पूजा करने से दांपत्य जीवन में मधुरता आती है, संकट दूर होते हैं और धन-वैभव का आशीर्वाद मिलता है.

पंचांग विवरण (Aaj Ka Panchang 12 June 2026)

आज का दिन ज्योतिषीय और धार्मिक दृष्टिकोण से बेहद विशेष रहने वाला है. आज अधिक ज्येष्ठ मास की द्वादशी तिथि पर ‘शुक्र प्रदोष व्रत’ का दिव्य संयोग बन रहा है, जिसे शास्त्रों में समृद्धि दायक माना गया है. हालांकि, आज रात तक ‘अतिगण्ड योग’ का अशुभ प्रभाव भी रहेगा, जिसके कारण महत्वपूर्ण कार्यों में थोड़ी सावधानी रखनी होगी. ज्योतिषीय गणना के अनुसार, आज चंद्रमा पूरे दिन मेष राशि में संचरण कर रहे हैं. दिन की शुरुआत केतु देव के स्वामित्व वाले ‘अश्विनी नक्षत्र’ से हो रही है. किसी भी मांगलिक या नए कार्य को निर्विघ्न पूरा करने के लिए आज के शुभ मुहूर्त और राहुकाल का समय नोट करना जरूरी है.

आज की तिथि और वार (Today’s Tithi and Day)

पंचांग के अनुसार, आज अधिक ज्येष्ठ कृष्ण पक्ष की द्वादशी तिथि है जो शाम 07 बजकर 36 मिनट तक मान्य रहेगी. इसके पश्चात त्रयोदशी तिथि लग जाएगी, जिससे प्रदोष काल की पूजा का समय शुरू होगा. शुक्रवार का दिन होने से यह व्रत महिलाओं और गृहस्थ जीवन के लिए विशेष फलदायी है.

  • तिथि: कृष्ण द्वादशी (शाम 07:36 बजे तक), फिर त्रयोदशी
  • पक्ष: कृष्ण पक्ष (अधिक मास)
  • वार: शुक्रवार
  • संवत्: 2083

नक्षत्र और योग (Nakshatra and Yoga)

आज प्रातः 06 बजकर 28 मिनट तक ‘अश्विनी नक्षत्र’ रहेगा, जो केतु का नक्षत्र है. इसके बाद भरणी नक्षत्र की शुरुआत होगी जो शुक्र का नक्षत्र है. योग की बात करें तो आज रात्रि 09 बजकर 26 मिनट तक ‘अतिगण्ड योग’ रहेगा, जिसके बाद ‘सुकर्मा योग’ शुरू होगा.

  • नक्षत्र: अश्विनी (प्रातः 06:28 बजे तक), फिर भरणी
  • योग: अतिगण्ड (रात्रि 09:26 बजे तक), फिर सुकर्मा
  • करण: कौलव (प्रातः 09:10 बजे तक), फिर तैतिल (शाम 07:36 बजे तक), फिर गरज

सूर्य और चंद्रमा की स्थिति (Position of Sun and Moon)

आज सूर्य देव वृषभ राशि में विराजमान हैं. वहीं, चंद्रमा पूरे दिन और रात मेष राशि में गोचर करेंगे. मेष राशि का चंद्रमा व्यक्ति को साहसी, फुर्तीला और आत्मविश्वासी बनाता है, लेकिन स्वभाव में थोड़ी उग्रता भी ला सकता है.

  • सूर्य राशि: वृषभ
  • चंद्र राशि: मेष
  • सूर्योदय / सूर्यास्त: प्रातः 05 बजकर 23 मिनट / सायं 07 बजकर 19 मिनट
  • चंद्रोदय / चंद्रास्त: मध्यरात्रि बाद 03 बजकर 15 मिनट (13 जून) / सायं 04 बजकर 18 मिनट

आज के शुभ मुहूर्त (Today’s Shubh Muhurat)

आज के दिन किसी भी शुभ, मांगलिक या व्यावसायिक कार्य की शुरुआत करने के लिए ‘अभिजीत मुहूर्त’ का समय सबसे श्रेष्ठ और उत्तम माना गया है.

  • अभिजीत मुहूर्त: दोपहर 11 बजकर 53 मिनट से दोपहर 12 बजकर 49 मिनट तक
  • अमृत काल: रात्रि 11 बजकर 46 मिनट से मध्यरात्रि बाद 01 बजकर 12 मिनट (13 जून) तक

राहुकाल और अशुभ समय (Rahukaal and Inauspicious Times)

आज शुक्रवार को प्रातः काल से लेकर दोपहर के बीच ‘राहुकाल’ का प्रभाव रहेगा. इस समय में कोई भी नया काम शुरू करने या धन का निवेश करने से बचना चाहिए.

  • राहुकाल: प्रातः 10 बजकर 36 मिनट से दोपहर 12 बजकर 21 मिनट तक (इस समय शुभ कार्य टालें)
  • गुलिक काल: प्रातः 07 बजकर 07 मिनट से प्रातः 08 बजकर 52 मिनट तक
  • यमगण्ड काल: दोपहर 03 बजकर 50 मिनट से सायं 05 बजकर 35 मिनट तक

आज के व्रत और त्यौहार: शुक्र प्रदोष व्रत का महत्व

आज ज्येष्ठ अधिक मास का ‘शुक्र प्रदोष व्रत’ मनाया जा रहा है. शाम को त्रयोदशी तिथि लगने के कारण शिव पूजा का सटीक समय सूर्यास्त के बाद शुरू होगा.

  • त्रयोदशी तिथि प्रारंभ: 12 जून, शाम 07 बजकर 36 मिनट से
  • प्रदोष पूजा मुहूर्त: शाम 07 बजकर 36 मिनट से रात 09 बजकर 20 मिनट तक
  • विशेष मान्यता: अधिक मास में प्रदोष व्रत का फल कई गुना बढ़ जाता है. शुक्रवार के दिन प्रदोष पड़ने से यह जातक को सौंदर्य, सुख-समृद्धि और सुखी दांपत्य जीवन का वरदान देता है. इस दिन शाम को ‘ॐ नमः शिवाय’ मंत्र का जाप करते हुए महादेव का दूध और शहद से अभिषेक करना अत्यंत शुभ फल देता है.

ये भी पढ़ें: शुक्र प्रदोष पर ‘महालक्ष्मी राजयोग’! लेकिन मेष में ‘अंगारक दोष’ से 4 राशियां रहें सावधान, सिंह-तुला की खुलेगी लॉटरी

आपने आज का पंचांग (Aaj Ka Panchang 12 June 2026) पढ़ लिया. अब धर्म, आध्यात्म से जुड़ी अन्य खबरों के लिए यहां क्लिक करें.

आज के पंचांग का सार (Conclusion)

निष्कर्ष के तौर पर, 12 जून 2026 का दिन ‘शुक्र प्रदोष व्रत’ की महिमा से भरा है. दिन के समय ‘अतिगण्ड योग’ और ‘राहुकाल’ (प्रातः 10:36 से दोपहर 12:21) के दौरान कोई भी महत्वपूर्ण निर्णय लेने से बचें. नया काम शुरू करने के लिए दोपहर में ‘अभिजीत मुहूर्त’ का लाभ उठाएं और शाम के समय प्रदोष काल में भगवान शिव की आराधना करें, दिन मंगलमय होगा.



इस तरह की अन्य खबरें पढ़ने के लिए भारत एक्सप्रेस न्यूज़ ऐप डाउनलोड करें.

Also Read