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रक्षाबंधन के बाद कलाई पर बंधी राखी का क्या करें? जानिए विसर्जन और उतारने का सही नियम

रक्षाबंधन का त्योहार बीतने के बाद अक्सर लोगों के मन में सवाल होता है कि कलाई पर बंधी राखी को कब और कैसे उतारना चाहिए. इस लेख में जानिए रक्षासूत्र के विसर्जन से जुड़े सही नियम और धार्मिक मान्यताएं.

Rakshabandhan 2026

राखी कितने दिन बाद उतारनी चाहिए

Rakshabandhan 2026: भाई-बहन के प्यार का महापर्व रक्षाबंधन देशभर में बहुत ही धूमधाम से मनाया जाता है. इस दिन बहनें भाई की कलाई पर रक्षासूत्र यानी राखी बांधती हैं, जिसमें ढेर सारा प्यार, सुरक्षा का वादा और अच्छी सेहत की कामनाएं छिपी होती हैं. लेकिन त्योहार खत्म होने के बाद अक्सर लोगों के मन में एक आम सवाल जरूर आता है कि कलाई पर बंधी इस राखी को कितने दिनों तक रखना चाहिए और बाद में इसका क्या करना चाहिए? आइए जानते हैं कि परंपरा के अनुसार राखी को उतारने और उसके विसर्जन का सही तरीका क्या है.

कितने दिनों तक कलाई पर रखनी चाहिए राखी?

धार्मिक मान्यताओं के मुताबिक, राखी को तुरंत कलाई से नहीं काटा जाता है. आम तौर पर इसे 3 से 7 दिनों तक या फिर कई लोग तो भगवान श्रीकृष्ण के जन्मोत्सव यानी जन्माष्टमी तक कलाई पर बांधे रखते हैं. हालांकि इसके लिए कोई सख्त नियम नहीं है. आप अपनी पारिवारिक परंपरा या सुविधा के हिसाब से इसे रख सकते हैं. बस इस दौरान थोड़ी सावधानी बरतें कि नहाते वक्त या रोजमर्रा के कामों में यह गंदी या खंडित न हो.

राखी उतारने और विसर्जित करने का सही तरीका

जब भी आपको राखी हटानी हो तो उसे अचानक खींचकर या गुस्से में न निकालें. राखी उतारने से पहले भगवान का मन में स्मरण करें और प्यार से उसकी गांठ खोलकर उसे किसी साफ थाली या कपड़े पर रखें. सबसे जरूरी बात यह है कि राखी को कभी भी भूलकर कचरे के डिब्बे या इधर-उधर न फेंकें क्योंकि इसे बेहद पवित्र माना जाता है.

अगर आपकी राखी सूती धागे, रेशम या प्राकृतिक चीजों से बनी है, तो आप इसे किसी पवित्र नदी में प्रवाहित कर सकते हैं या फिर घर के गमले या बगीचे की साफ मिट्टी में दबा सकते हैं.

मेटल या प्लास्टिक की राखियों का क्या करें? आजकल बाजार में धातु, मोती या प्लास्टिक वाली फैंसी राखियां भी मिलती हैं. इन्हें पानी में नहीं डालना चाहिए ताकि प्रदूषण न फैले. ऐसी राखियों के धागे या फूलों को अलग करके जल या मिट्टी में विसर्जित कर दें और धातु वाली राखी को संभालकर रख सकते हैं. अगर चांदी या सोने की राखी है, तो उसे हमेशा के लिए संभालकर संदूक या तिजोरी में रखा जा सकता है.

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बीच में ही टूट जाए राखी, तो क्या करें?

कई बार काम करते वक्त या पानी लगने से राखी अपने आप टूट जाती है या ढीली होकर गिर जाती है. इसे लेकर मन में किसी भी तरह का डर या अपशकुन न पालें. धागा पुराना होने पर ऐसा होना आम बात है. बस टूटे हुए धागे को आदर के साथ उठाकर किसी सुरक्षित जगह रख लें और बाद में नियम से उसका विसर्जन कर दें.

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-भारत एक्सप्रेस



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