Radhashtami: बरसाना के पत्थरों से आज भी आती है दूध-दही की महक, यहां गोपियों की मटकियां फोड़कर मक्खन खाते थे कन्हैया
Radhashtami 2025: राधाष्टमी पर बरसाना में लाखों श्रद्धालु पहुंचेंगे. यहां एक जगह दो पहाडि़यों के बीच की गली के पत्थरों से दूध-दही की महक आती है, जहां 5 हजार साल पहले श्रीकृष्ण ने गोपियों की मटकियां फोड़ी थीं. आज भी यहां श्री राधा के पदचिन्ह दिखते हैं.





