Bharat Express DD Free Dish

Drone Didi

पीएम मोदी ने कहा गांववालों ने भी इस परिवर्तन को दिल से स्वीकार किया है. अब ये महिलाएं ‘ड्रोन ऑपरेटर’ नहीं, ‘स्‍काई वॉरियर्स’ के नाम से जानी जाती हैं.

नई दिल्ली में आईसीएआर (ICAR) पूसा परिसर में नमो ड्रोन दीदियों से बातचीत करते हुए जोनाथन फ्लेमिंग ने कहा कि वह यह देखकर उत्साहित हैं कि भारत किस तरह से महिला सशक्तिकरण के लिए टेक्नोलॉजी का उपयोग कर रहा है. इस तरह की पहल अन्य देशों की महिलाओं के लिए भी एक प्रेरणा है.

इस योजना का लक्ष्य 2024-25 से 2025-26 तक 15,000 चयनित महिला स्वयं सहायता समूहों को ड्रोन प्रदान करना है, जो कृषि उद्देश्यों के लिए किसानों को किराये की सेवाएं प्रदान करेंगे.