वैश्विक मंच पर ‘स्वराज’: ग्लोबल साउथ की आवाज बनकर कैसे उभरा भारत; G20 से लेकर वॉयस समिट तक पूरा विश्लेषण
Global South India Diplomacy Swaraj G20: पीएम मोदी के नेतृत्व में भारत ने 'रणनीतिक स्वायत्तता' और 'स्वराज' के विचार को वैश्विक स्तर पर प्रस्तुत करते हुए विकासशील देशों (ग्लोबल साउथ) की प्राथमिकताओं को प्रमुखता दी है. G20 में अफ्रीकी संघ की स्थायी सदस्यता और Voice of Global South Summit जैसे ऐतिहासिक कदमों ने बहुपक्षीय मंचों पर भारत की नेतृत्व क्षमता को साबित किया है.
ग्लोबल साउथ की आवाज बना ‘TV BRICS’: जानिए क्या सच में खत्म होगा पश्चिमी मीडिया का दबदबा
टीवी ब्रिक्स और ग्लोबल साउथ के मीडिया संस्थान पश्चिमी मीडिया के एकतरफा वर्चस्व को चुनौती दे रहे हैं. इनका मकसद वैश्विक मुद्दों पर निष्पक्ष और बहुआयामी नजरिया पेश करना है.
बनारस से भारत मंडपम तक, जानिए क्यों ‘ग्लोबल साउथ’ की सबसे बड़ी आवाज बन रहा है भारत का ‘ब्रिक्स मॉडल’?
जब भी हम अंतरराष्ट्रीय मंचों और ब्रिक्स (BRICS) जैसे बड़े संगठनों की बात करते हैं, तो अक्सर हमारे दिमाग में बड़ी-बड़ी बैठकें और समझौतों के कागजात आते हैं. लेकिन प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की लीडरशिप में भारत की ब्रिक्स कूटनीति सिर्फ प्रोटोकॉल तक सीमित नहीं रही, बल्कि इसमें एक गहरी सिविलिज़ेशनल सोच दिखती है.
11 सदस्य, 12 सहयोगी, 5 संस्थाएं… दिल्ली में महाजुटान, जानें भारत को क्या-क्या मिला?
BRICS Summit 2026: दिल्ली में हुए 18वें ब्रिक्स शिखर सम्मेलन में आतंकवाद पर सख्त रुख, युद्ध में शिपिंग रूट्स की सुरक्षा, ग्लोबल वैल्यू चेन सहयोग, पर्यावरण निगरानी और UNSC सुधार की मांग शामिल रही.
दिल्ली बना दुनिया का सेंटर! पीएम मोदी की मेजबानी में BRICS का पावर शो, 20 पॉइंट में समझो पूरा गेम
BRICS Summit 2026: नई दिल्ली में हुए 18वें ब्रिक्स शिखर सम्मेलन में भारत ने वैश्विक राजनीति, आतंकवाद, पश्चिम एशिया संकट और ग्लोबल साउथ की भूमिका पर नेतृत्व दिखाया.
‘अब नहीं चलेगा आर्थिक पाबंदियों का चाबुक…’ जानिए BRICS के विस्तार से क्यों घबरा रहे पश्चिमी देश?
ब्रिक्स संगठन का बढ़ता दायरा पश्चिमी देशों के आर्थिक दबदबे और प्रतिबंध लगाने की ताकत को सीधी चुनौती दे रहा है, जिससे वैश्विक राजनीति और अर्थव्यवस्था का संतुलन तेजी से बदल रहा है.
BRICS Expansion 2026: क्या चीन ब्रिक्स के जरिए ग्लोबल साउथ को कंट्रोल कर रहा है, और क्या भारत इसे रोक सकता है?
BRICS Expansion 2026: ब्रिक्स विस्तार 2026 भारत की इस क्षमता की परीक्षा ले रहा है कि वह गुट को विकास, सहयोग और रणनीतिक स्वायत्तता पर केंद्रित रखते हुए चीन के प्रभाव को कैसे संतुलित करता है.
दो नावों पर पैर या वैश्विक कूटनीति? जानिए क्या है मोदी सरकार का ‘मल्टी-अलाइनमेंट’ फॉर्मूला?
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के दौर में भारत की विदेश नीति का सबसे अहम पहलू ‘रणनीतिक स्वायत्तता’ और ‘मल्टी-अलाइनमेंट’ है. भारत एक ओर अमेरिका, जापान और ऑस्ट्रेलिया के साथ क्वाड के जरिए हिंद-प्रशांत में सहयोग बढ़ा रहा है, तो दूसरी ओर रूस, चीन और ग्लोबल साउथ के साथ BRICS जैसे मंचों पर भी सक्रिय है.
डॉलर का दबदबा और पश्चिमी प्रतिबंध: BRICS सम्मेलन से क्यों बेचैन हैं अमेरिका और यूरोप?
गलवान संकट से लेकर गाजा और तेहरान तक, BRICS शिखर सम्मेलन यह साबित कर रहा है कि यह ब्लॉक अब पश्चिम के आर्थिक और रणनीतिक दबदबे का एक नया और असरदार जवाब बन रहा है.
BRICS 2026: भारत संभालेगा कमान; पीएम मोदी बोले- ग्लोबल साउथ का ‘ऊर्जा भविष्य’ सुरक्षित करना हमारी सबसे बड़ी प्राथमिकता
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शनिवार को कहा कि ब्रिक्स (बीआरआईसीएस) की वर्ष 2026 की अध्यक्षता के दौरान भारत ग्लोबल साउथ को सुरक्षित, मजबूत, न्यायसंगत और टिकाऊ वैश्विक ऊर्जा भविष्य के केंद्र में रखने की दिशा में काम करेगा.





