Begusarai Hospital Viral Video: टूटे पैर पर प्लास्टर नहीं, ‘कूट’ बांधकर किया रेफर! वायरल वीडियो से मचा बवाल
Begusarai Hospital: बेगूसराय के मंझौल अनुमंडलीय अस्पताल में सड़क हादसे के घायल युवक के टूटे पैर पर कथित तौर पर प्लास्टर की जगह 'कूट' बांधने का वीडियो वायरल हो गया. मामले पर सिविल सर्जन ने जांच के आदेश दिए हैं और दोषी पाए जाने पर कार्रवाई की बात कही है.
आखों में आई ड्रॉप की जगह डाल दी कफ सीरप…चली गई रोशनी! MP के सागर में सरकारी अस्पताल ने ये क्या कर डाला?
मध्य प्रदेश के सागर जिले में कथित चिकित्सकीय लापरवाही का गंभीर मामला सामने आया है, जहां 19 महीने के बच्चे की आंख में कथित तौर पर गलत दवा डाल दी गई. परिजनों का दावा है कि इसके बाद बच्चे की आंखों की रोशनी चली गई, जबकि मामले की जांच के लिए स्वास्थ्य विभाग ने समिति गठित की है...
राजस्थान के सरकारी अस्पताल में फिर बड़ी लापरवाही, डूंगरपुर मेडिकल कॉलेज अस्पताल में महिला को चढ़ाई एक्सपायरी ड्रिप
राजस्थान के सरकारी अस्पतालों में मरीजों की सुरक्षा को लेकर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं. कोटा मेडिकल कॉलेज अस्पताल में प्रसूताओं की मौत और चिकित्सा लापरवाही के मामलों के बाद अब डूंगरपुर मेडिकल कॉलेज अस्पताल से चौंकाने वाली घटना सामने आई है.
ये क्या हो गया! अस्पताल खुद हुआ बीमार, SECL की अनदेखी की भारी कीमत चुका रहा NCPH हॉस्पिटल
Chhattisgarh News: चिरमिरी का NCPH अस्पताल SECL की अनदेखी का शिकार हो गया है. कभी मरीजों से भरी ओपीडी आज सन्नाटे में है. स्टाफ की कमी और बदहाल व्यवस्था ने अस्पताल को खुद इलाज का मोहताज बना दिया है.
दिल्ली हाई कोर्ट का बड़ा फैसला, अब 5 लाख तक वालों को मिलेगा मुफ्त ईलाज
दिल्ली हाई कोर्ट ने आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग (EWS) के लिए अस्पतालों में मुफ्त इलाज की आय सीमा बढ़ाने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है. अब सालाना आय सीमा 2.25 लाख से बढ़ाकर 5 लाख रुपये कर दी गई है, जिसका लाभ दिल्ली के सभी सरकारी और रियायती जमीन पर बने निजी अस्पतालों में मिलेगा.
Mahoba News: “कोयला घोलकर पिला दो…”, जहर खाने वाले मरीज को डॉक्टर ने दी अजीब ‘दवा’, सुनकर हर कोई रह गया हैरान
Mahoba News: महोबा जिला अस्पताल के इमरजेंसी वार्ड में जहरीला पदार्थ खाने व फांसी लगाने का प्रयास करने वाले मरीज को डॉक्टरों ने चारकोल टेबलेट की जगह कोयले का घोल पिला दिया. सीएमएस ने बताया कि मरीज को कोयले का घोल नहीं चारकोल की टेबलेट दी जाती है.
Lucknow: सरकारी अस्पताल में 4 दिन की बच्ची को नहीं मिला वेंटिलेटर, इलाज के लिए भटकता रहा पिता, हुई मौत
जब सरकारी अस्पताल में कोई सहयोग नहीं मिला तो उन्होंने कृष्णानगर के एक निजी अस्पताल में बच्ची को भर्ती कराया, लेकिन दो दिन में वहां 13 हजार रुपये ले लिए गए.





