तुर्किये से आई है होली की शान गुजिया, ठंडई का क्या है इतिहास, जानें राजपूत और मुगल कैसे मनाते थे होली?
Holi History: इतिहासकारों के मुताबिक गुजिया को भारत में 13वीं शताब्दी में तुर्की के व्यापारी भारत लेकर आए. हालांकि भारत में इसे तुर्की की जगह इसका भारतीय रूप दिया गया. तुर्की के बकलावा में फ्लेकी पेस्ट्री डाला था. जबकि भारत में इसकी जगह ड्राईफ्रूट्स, खोया, घी भरकर तला गया और इसे आधा चांद जैसी शेप दी गई.





