‘अमेरिका बस 1 शर्त माने…’, 7 दिन में होर्मुज स्ट्रेट खोलने को तैयार ईरान, लेकिन US को करना होगा ये काम
Iran US Tensions: ईरान ने कहा है कि अगर अमेरिका उसकी एक शर्त मान ले, तो वह सिर्फ 7 दिनों के भीतर होर्मुज स्ट्रेट को फिर से पूरी तरह खोल सकता है. यह बयान ऐसे समय में आया है जब इस समुद्री मार्ग पर बढ़ते तनाव ने वैश्विक तेल बाजार और शिपिंग सेक्टर की चिंता बढ़ा दी है.
‘होर्मुज स्ट्रेट नहीं खोलेंगे’ ईरान का अमेरिका को सीधा अल्टीमेटम, गालिबफ बोले- सैन्य ताकत से बनाएंगे दबाव
Mohammad Bagher Ghalibaf: ईरानी संसद के अध्यक्ष मोहम्मद बगेर गालिबफ ने साफ कहा है कि जब तक तेहरान की शर्तें पूरी नहीं होतीं, तब तक होर्मुज को दोबारा खोलने की कोई संभावना नहीं है. उनका बयान ऐसे समय आया है जब ईरान और अमेरिका के बीच जारी संघर्ष को खत्म करने के लिए कूटनीतिक कोशिशें फिर तेज हो रही हैं.
‘सिर्फ पलटवार नहीं, अब पहले प्रहार की ताकत रखता है भारत’, ऑपरेशन सिंदूर की बरसी पर पूर्व सैन्य अधिकारी का बड़ा बयान
ऑपरेशन सिंदूर की पहली वर्षगांठ पर रिटायर्ड मेजर जनरल अनुज माथुर ने कहा कि यह सिर्फ एक सैन्य कार्रवाई नहीं थी, बल्कि भारत की बदलती रणनीतिक सोच का संकेत था, जहां देश अब प्रतिक्रिया देने के बजाय जरूरत पड़ने पर पहले से कार्रवाई करने की क्षमता पर जोर दे रहा है.
इस्लामाबाद बैठक से पहले ईरान के तेवर सख्त! समुद्री घेराबंदी को लेकर झुकाव के मूड में नहीं तेहरान
Iran US Tensions: ईरान-अमेरिका के बीच जंग को खत्म करने के लिए इस्लामाबाद में फिर दूसरे दौर की बैठक होने वाली है. इसी बीच ईरान ने अमेरिकी नाकेबंदी पर कड़ा रूख अपना लिया है. ईरानी मीडिया के मुताबिक ईरानी सरकार ने अपने प्रतिनिधियों को पहले वहां भेजने से इनकार कर दिया है.
“एक ग्राम यूरेनियम भी नहीं देंगे!” अमेरिका की बड़ी मांग पर ईरान का दोटूक जवाब
Iran US Tensions: ईरान ने साफ कर दिया है कि वह अपने संवर्धित यूरेनियम को अमेरिका या किसी अन्य देश को नहीं सौंपेगा. ईरान के उप विदेश मंत्री सईद खतीबजादेह ने कहा कि अमेरिका की मांगें बहुत ज्यादा हैं और उन्हें ईरान कभी स्वीकार नहीं करेगा.
ब्रिटिश PM ने होर्मुज समिट के लिए भारत को दिया न्योता, 35 देशों की होगी बैठक
UK Hormuz summit: ब्रिटेन ने होर्मुज स्ट्रेट खोलने के लिए 35 देशों की बैठक बुलाई है, जिसमें भारत को भी शामिल किया गया है. यह समुद्री मार्ग वैश्विक तेल सप्लाई के लिए बेहद महत्वपूर्ण है.





