क्या पति की मर्जी के बिना गर्भपात अपराध है? दिल्ली हाई कोर्ट ने सुनाया बड़ा फैसला
दिल्ली हाई कोर्ट ने 14 सप्ताह की गर्भावस्था को समाप्त करने पर महिला को बरी करते हुए कहा कि किसी महिला को उसकी इच्छा के विरुद्ध गर्भावस्था जारी रखने के लिए मजबूर करना उसके शरीर पर हक का उल्लंघन और मानसिक आघात बढ़ाने वाला कदम है.





