55 दिन में फैसला: तीन साल की बच्ची से दुष्कर्म और हत्या मामले में मिला न्याय, आरोपी भीमराव कांबले को फांसी की सजा
Pune Crime News: पुणे की विशेष अदालत ने मासूम बच्ची से दुष्कर्म और हत्या मामले में 65 वर्षीय भीमराव कांबले को दोषी मानते हुए फांसी की सजा सुनाई. इस केस में पुलिस ने 14 दिन में चार्जशीट दाखिल की और करीब 55 दिनों में सुनवाई पूरी कर फैसला दिया.
शादी से ठीक पहले खौफनाक अंत; पुणे मर्डर मिस्ट्री को सुलझाने पुतले के साथ पहुंची पुलिस, मंगेतर सिया की जुबानी सामने आई उस दिन की पूरी टाइमलाइन
Ketan Agarwal Murder Case Update: केतन अग्रवाल हत्याकांड में पुणे पुलिस ने एक बड़ा कदम उठाया है. आरोपी मंगेतर सिया गोयल को लोहगढ़ किले ले जाकर, केतन के वजन की एक डमी के जरिए पूरे मर्डर सीन को रीक्रिएट किया गया ताकि यह साफ हो सके कि केतन को किले से नीचे कैसे धकेला गया था.
पुणे मर्डर मिस्ट्री: मंगेतर के विग और तुतलेपन से नफरत या खूनी लव ट्रायंगल? 2004 कॉल्स और 338 घंटे की वो ‘सीक्रेट’ बातचीत, जिसने केतन को दी खौफनाक मौत
Ketan Agrawal Murder Update: विग पहनने और तुतलाने की आदत से परेशान होकर मंगेतर सिया गोयल ने अपने प्रेमी चेतन चौधरी के साथ मिलकर रची केतन अग्रवाल की हत्या की खौफनाक साजिश. सीसीटीवी फुटेज और 2000 से ज्यादा कॉल्स ने खोला राज.
Pune हत्याकांड में Siya का चौंकाने वाला खुलासा,‘सब बताया था मैंने, फिर भी …’
पुणे के चर्चित रियल एस्टेट कारोबारी केतन अग्रवाल हत्याकांड में हर दिन ऐसे खुलासे हो रहे हैं, जो किसी फिल्मी साजिश से कम नहीं लगते। लेकिन इस कहानी का सच कहीं ज्यादा खौफनाक है… क्योंकि यह कोई अचानक लिया गया फैसला नहीं था, बल्कि एक ठंडी, सुनियोजित और कई दिनों तक रची गई साजिश थी।
पुणे मर्डर मिस्ट्री: बेटी की करतूत सुन पिता को आया हार्ट अटैक, पुणे के इस केस में दिखा ‘सोनम वाल्स मर्डर’ जैसा खौफनाक पैटर्न
Ketan Agarwal Murder Case: पुणे के केतन अग्रवाल मर्डर केस की आरोपी सिया के पिता को हार्ट अटैक आने के बाद आईसीयू में भर्ती कराया गया है. यह मामला पुणे के ही चर्चित 'सोनम वाल्स हत्याकांड' की याद दिलाता है, जहां करीबी रिश्ते में धोखे के बाद हत्या को हादसे की शक्ल दी गई थी.
खुफिया एजेंसी RAW का फर्जी अधिकारी बन दे रहा था झांसा, ऐसे खुली पोल, पुलिस ने पकड़ा
महाराष्ट्र पुलिस ने एख फर्जी रॉ के अफसर को गिरफ्तार किया है. ये शख्स खुद को रिसर्च एंड एनालिसिस विंग (रॉ) का अधिकारी बता कर लोगों को आयकर विभाग एवं सशस्त्र बलों में नौकरी दिलाने का झांसा देकर ठगी करता था.





